एनडीए की 'मंगल मिलन' बैठक में फ्री ट्रेड एग्रीमेंट से 'ब्लू इकोनॉमी' तक मंथन, सांसदों को मिला जीत का मंत्र
नई दिल्ली, 28 जुलाई (आईएएनएस)। संसद के आगामी सत्र से पहले आयोजित एनडीए संसदीय दल की 'मंगल मिलन' बैठक में कई सहयोगी दलों के नेताओं ने हिस्सा लिया। बैठक में केंद्र सरकार की नीतियों, आगामी विधेयकों, देश के विकास के विजन, मुक्त व्यापार समझौते और ब्लू इकोनॉमी जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई।
भाजपा सांसद जनार्दन सिंह सिग्रीवाल ने बैठक को एनडीए की एक अच्छी परंपरा बताते हुए आईएएनएस से बात करते हुए कहा कि पहले केवल संसदीय दल की बैठकें होती थीं, लेकिन अब सभी सहयोगी दल एक साथ बैठते हैं।
उन्होंने कहा कि ऐसी बैठकों में प्रस्तुत किए जाने वाले विषयों से सांसदों को कई नई और महत्वपूर्ण जानकारियां मिलती हैं, जिनसे वे पहले परिचित नहीं होते थे। उनके अनुसार, यह पहल सांसदों के ज्ञान और समझ को बढ़ाने में मददगार साबित हो रही है।
एनसीपीआई सांसद काकोली घोष ने आईएएनएस से बात करते हुए बताया कि उनकी पार्टी पहले से ही चुनाव आयोग में पंजीकृत है और मान्यता के लिए आवश्यक दस्तावेज लोकसभा अध्यक्ष को सौंप दिए गए हैं।
उन्होंने कहा कि स्पीकर ने उनकी पार्टी को एनडीए का हिस्सा माना है, जिसके चलते उन्हें बैठक में आमंत्रित किया गया। हालांकि, बैठने की व्यवस्था और औपचारिक मान्यता को लेकर अभी बातचीत जारी है।
काकोली घोष ने कहा कि 2014 से पहले उन्होंने इस तरह की बैठकें नहीं देखी थीं और एनडीए में शामिल होकर उन्हें खुशी हो रही है। उन्होंने यह भी कहा कि एनसीपीआई के सभी सांसद मिलकर काम कर रहे हैं।
एनसीपीआई सांसद शताब्दी रॉय ने बैठक की सराहना करते हुए कहा कि यह बेहद व्यवस्थित तरीके से आयोजित की गई थी। उन्होंने बताया कि इसमें संसद में आने वाले विधेयकों, देश के विजन और सरकार की विभिन्न योजनाओं पर विस्तार से जानकारी दी गई। उनके अनुसार, इस तरह का सुव्यवस्थित आयोजन उन्होंने पहले कभी नहीं देखा था। उन्होंने कहा कि पहली बार बैठक में शामिल होने से उन्हें अन्य सांसदों और सहयोगी दलों से परिचय का अवसर भी मिला।
एनसीपीआई सांसद सायानी घोष ने भी बैठक को ज्ञानवर्धक बताया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री और अन्य वरिष्ठ मंत्री बैठक में मौजूद थे। बैठक में ब्लू इकोनॉमी जैसे महत्वपूर्ण आर्थिक विषयों पर विस्तार से प्रस्तुति दी गई। उन्होंने आगामी संसद सत्र का उल्लेख करते हुए कहा कि देश के युवाओं और छात्रों ने पेपर लीक और नीट जैसे मुद्दों को उठाकर लोकतंत्र की मजबूती का संदेश दिया है। उन्होंने कहा कि सरकार को इन मुद्दों पर कार्रवाई और आवश्यक विधायी कदम उठाने का अवसर मिला है।
एनसीपीआई सांसद जून मालिया ने कहा कि एनडीए के नए सहयोगी होने के नाते यह बैठक उनके लिए बेहद महत्वपूर्ण रही। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गठबंधन के अन्य वरिष्ठ नेताओं ने नए सहयोगियों का गर्मजोशी से स्वागत किया तथा बैठक के दौरान सभी का औपचारिक परिचय कराया। उन्होंने इसे सहयोग और समन्वय को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बताया।
--आईएएनएस
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