Samachar Nama
×

नागपुर में डीआरआई की बड़ी कार्रवाई: 1,250 किलो से अधिक गांजा जब्त, चार तस्कर गिरफ्तार

नागपुर, 27 फरवरी (आईएएनएस)। राजस्व खुफिया निदेशालय (डीआरआई) की नागपुर क्षेत्रीय इकाई (मुंबई जोन) ने अंतरराज्यीय मादक पदार्थ तस्करी गिरोह के खिलाफ दो अलग-अलग अभियानों में 1,251 किलो गांजा जब्त किया है। जब्त गांजे की अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत करीब 6.25 करोड़ रुपए बताई गई है। इस कार्रवाई में गिरोह के मास्टरमाइंड सहित चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
नागपुर में डीआरआई की बड़ी कार्रवाई: 1,250 किलो से अधिक गांजा जब्त, चार तस्कर गिरफ्तार

नागपुर, 27 फरवरी (आईएएनएस)। राजस्व खुफिया निदेशालय (डीआरआई) की नागपुर क्षेत्रीय इकाई (मुंबई जोन) ने अंतरराज्यीय मादक पदार्थ तस्करी गिरोह के खिलाफ दो अलग-अलग अभियानों में 1,251 किलो गांजा जब्त किया है। जब्त गांजे की अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत करीब 6.25 करोड़ रुपए बताई गई है। इस कार्रवाई में गिरोह के मास्टरमाइंड सहित चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है।

डीआरआई अधिकारियों ने ओडिशा–आंध्र प्रदेश सीमा से मध्य प्रदेश–राजस्थान सीमा की ओर जा रहे एक बोलेरो पिकअप वाहन को राष्ट्रीय राजमार्ग-53 पर रोका। तलाशी के दौरान वाहन से 53 बोरी (गन्नी बैग) बरामद हुईं, जिनमें 142 पैकेट गांजा छिपाकर रखा गया था। कुल बरामद गांजे का वजन 729 किलो पाया गया। तस्करों ने गांजे को कच्चे अदरक की खेप के अंदर छिपाकर रखा था ताकि जांच एजेंसियों को भ्रमित किया जा सके।

जब्त गांजे की कीमत लगभग 3.64 करोड़ रुपये आंकी गई है। डीआरआई ने एनडीपीएस अधिनियम, 1985 के तहत गांजा, वाहन और कवर कार्गो को जब्त कर लिया गया तथा दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार आरोपियों में से एक इस नेटवर्क का मास्टरमाइंड बताया जा रहा है, जो पहले के मामले में भी शामिल था और लंबे समय से फरार चल रहा था।

इससे पहले, डीआरआई ने एक अन्य खुफिया कार्रवाई में ओडिशा सीमा से आ रहे एक ट्रक को भगिमाहरी टोल प्लाजा, राष्ट्रीय राजमार्ग-47 पर रोका था। तलाशी के दौरान ट्रक से 100 पैकेट गांजा बरामद किया गया, जिनका कुल वजन 522 किलोग्राम था। गांजे को कूलर, टेबल फैन और कंबल जैसे सामान की खेप के नीचे छिपाया गया था। जब्त किए गए गांजे की कीमत लगभग 2.61 करोड़ रुपए आंकी गई। इस मामले में भी वाहन और कवर कार्गो को जब्त करते हुए दो व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया।

शुरुआती जांच में यह सामने आया है कि यह गिरोह ओडिशा से मध्य भारत होते हुए राजस्थान तक मादक पदार्थों की आपूर्ति करता था। दोनों कार्रवाइयां आपस में जुड़ी हुई हैं और इनके माध्यम से एक बड़े अंतरराज्यीय तस्करी नेटवर्क का भंडाफोड़ हुआ है। डीआरआई अधिकारियों के अनुसार, इन कार्रवाइयों से स्पष्ट है कि एजेंसी राज्य सीमाओं के पार सक्रिय संगठित मादक पदार्थ तस्करी नेटवर्क के खिलाफ सख्त प्रवर्तन कार्रवाई कर रही है।

डीआरआई ने कहा कि इस तरह की सफल कार्रवाइयां भारत सरकार के नशा मुक्त भारत के संकल्प को साकार करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। एजेंसी ने यह भी स्पष्ट किया कि मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ सख्त निगरानी और खुफिया आधारित अभियान आगे भी जारी रहेंगे।

--आईएएनएस

पीएसके

Share this story

Tags