Samachar Nama
×

'मेरा और उनका साथ में काम करना बल्लेबाजी को मजबूत करेगा', दिल्ली कैपिटल्स में युवराज की नियुक्ति पर बोले गांगुली

'मेरा और उनका साथ में काम करना बल्लेबाजी को मजबूत करेगा', दिल्ली कैपिटल्स में युवराज की नियुक्ति पर बोले गांगुली
'मेरा और उनका साथ में काम करना बल्लेबाजी को मजबूत करेगा', दिल्ली कैपिटल्स में युवराज की नियुक्ति पर बोले गांगुली

नई दिल्ली, 14 अक्टूबर (आईएएनएस)। दिल्ली कैपिटल्स के क्रिकेट डायरेक्टर सौरव गांगुली का मानना ​​है कि वर्ल्ड कप जीतने वाले ऑलराउंडर युवराज सिंह का अनुभव और युवा बल्लेबाजों को मेंटर करने की उनकी काबिलियत, इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) 2027 से पहले फ्रेंचाइजी के बैटिंग ग्रुप को मजबूत करेगी।

मंगलवार को दिल्ली कैपिटल्स के सहायक और बैटिंग कोच के तौर पर युवराज की नियुक्ति का ऐलान किया गया। गांगुली ने बताया कि उन्होंने ही युवराज को कोचिंग सेटअप में लाने की बातचीत शुरू की थी। उन्हें भरोसा है कि 44 साल के युवराज की टी20 क्रिकेट की समझ और बड़े मंचों पर खेलने का अनुभव दिल्ली के उभरते खिलाड़ियों के काम आएगा।

गांगुली ने बुधवार को फ्रेंचाइजी द्वारा शेयर किए गए एक वीडियो में कहा, "मैं बहुत खुश हूं कि वह हमारे साथ हैं। जाहिर है कि मैंने ही बातचीत शुरू की थी और सब कुछ अच्छे से हो गया। आप जानते हैं कि वह वर्ल्ड कप विनर हैं - टी20 और 50 ओवर, दोनों में। वह मेरे साथ वर्ल्ड कप टीमों में भी रहे हैं, जहां हम कुछ बार फाइनल में पहुंचे थे। उन्हें पता है कि टी20 क्रिकेट में बैटिंग कैसी होती है, क्योंकि वह खुद एक बड़े हिटर थे। टी20 वर्ल्ड कप 2007 (जो इस छोटे फॉर्मेट का पहला वर्ल्ड कप था) में डरबन में स्टुअर्ट ब्रॉड के खिलाफ लगाए गए उनके 6 छक्के कोई नहीं भूल सकता। वह एक खास पूर्व खिलाड़ी हैं और मुझे यकीन है कि वह बहुत से युवा खिलाड़ियों को अपनी स्किल्स सिखाएंगे।"

इस नियुक्ति से भारत की सफल इंटरनेशनल टीमों के दो सदस्य एक साथ आ गए हैं। गांगुली ने युवराज की काबिलियत को एक बेहतरीन खिलाड़ी और मेंटर, दोनों रूपों में सराहा है। इस पूर्व ऑलराउंडर ने भारत की आईसीसी टी20 वर्ल्ड कप 2007 और आईसीसी क्रिकेट वर्ल्ड कप 2011 जीत में अहम भूमिका निभाई थी। इसके साथ ही, पहले टी20 वर्ल्ड कप में स्टुअर्ट ब्रॉड के खिलाफ उनके छह छक्के इस फॉर्मेट के सबसे यादगार पलों में से एक हैं। गांगुली ने दिल्ली की टीम में कई बाएं हाथ के बल्लेबाजों के होने का भी जिक्र किया, जिसकी वजह से युवराज का टीम में शामिल होना बहुत फायदेमंद हो सकता है।

उन्होंने आगे कहा, "हमारी टीम में कई बाएं हाथ के बल्लेबाज हैं। अब ऋषभ पंत के आने से एक और बाएं हाथ का बल्लेबाज जुड़ गया है। हमारे पास पंत, मिलर, अक्षर और नीतीश राणा हैं। टीम में बहुत सारे बाएं हाथ के बल्लेबाज हैं। इसी कारण उनका और मेरा साथ मिलकर काम करना निश्चित रूप से बल्लेबाजी को मजबूत करेगा।"

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी कामयाबियों के अलावा, युवराज के पास युवा खिलाड़ियों के साथ काम करने का हालिया अनुभव भी है। गांगुली ने पंजाब में अभिषेक शर्मा और दूसरे क्रिकेटरों के साथ उनके काम का उदाहरण दिया, ताकि यह बताया जा सके कि वह दिल्ली के बल्लेबाजी ग्रुप को किस तरह की सलाह दे सकते हैं।

गांगुली ने कहा, "आप जानते हैं कि वह युवा खिलाड़ियों के साथ काम करते हैं, जैसे अभिषेक शर्मा और पंजाब के कुछ अन्य लड़के, जिन्हें इसका फायदा मिला है। उम्मीद है कि दिल्ली के युवा खिलाड़ी भी उनसे सीखेंगे।" युवराज की नियुक्ति उनका पहला औपचारिक कोचिंग रोल है और दिल्ली फ्रेंचाइजी में उनकी वापसी भी है। इस फ्रेंचाइजी ने उन्हें 2015 में उस समय के रिकॉर्ड 16 करोड़ रुपये में साइन किया था, जब इसे दिल्ली डेयरडेविल्स के नाम से जाना जाता था। उस सीजन में वह टीम के लिए सभी 14 मैचों में खेले थे।

अपने अंतरराष्ट्रीय करियर में युवराज ने भारत के लिए 304 वनडे, 40 टेस्ट और 58 टी20 मैच खेले। उन्होंने 132 आईपीएल मैच भी खेले, जिसमें 2,750 रन बनाए और 36 विकेट लिए। गांगुली ने युवराज की सिर्फ क्रिकेट खेलने की काबिलियत की ही तारीफ नहीं की, बल्कि दिल्ली कैपिटल्स के अधिकारी ने भारत के इस पूर्व ऑलराउंडर को एक ऐसे व्यक्ति के तौर पर बताया, जिनका व्यक्तित्व और काम करने का तरीका टीम पर सकारात्मक असर डाल सकता है। उन्होंने कहा, "नहीं, वे बहुत मिलनसार व्यक्ति हैं। हां, उनका अपना एक तरीका है, जो ठीक है। वह एक सफल खिलाड़ी हैं, लेकिन एक बेहतरीन इंसान भी हैं। ईमानदार, जमीन से जुड़े, विनम्र और लोगों का सम्मान करने वाले। सबसे बड़ी बात है कि वह खेल का सम्मान करते हैं।"

--आईएएनएस

एसएम/डीकेपी

Share this story