मणिपुर हिंसा मामलों में एनआईए की बड़ी कार्रवाई, 10 आरोपी गिरफ्तार
नई दिल्ली, 19 जून (आईएएनएस)। मणिपुर में जातीय हिंसा से जुड़े मामलों की जांच कर रही राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने शुक्रवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया। यह कार्रवाई मणिपुर पुलिस और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के साथ संयुक्त अभियान के तहत की गई।
एनआईए के अनुसार, इम्फाल पूर्व, इम्फाल पश्चिम, बिष्णुपुर, चुराचांदपुर, उखरूल, चंदेल और फेरजावल जिलों में एक साथ कई स्थानों पर तलाशी अभियान चलाया गया। जांच के दौरान जुटाए गए साक्ष्यों के आधार पर इन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।
एजेंसी ने बताया कि विभिन्न मामलों की जांच में सामने आया है कि गिरफ्तार आरोपी मणिपुर में जातीय अशांति के दौरान हुई कई हिंसक घटनाओं में सक्रिय रूप से शामिल थे। इनमें सुरक्षा बलों पर हमले, हथियार और गोला-बारूद की लूट तथा बैंक डकैती जैसी घटनाएं शामिल हैं।
एनआईए ने कहा कि यह अभियान विस्तृत खुफिया सूचना, तकनीकी विश्लेषण और जमीनी जांच के आधार पर चलाया गया। अभियान का उद्देश्य राज्य में आपराधिक और आतंकवादी गतिविधियों में शामिल लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई करना है, चाहे वे किसी भी समुदाय से जुड़े हों।
जांच एजेंसी का मानना है कि इन गिरफ्तारियों से हिंसा की घटनाओं की योजना, उनके क्रियान्वयन और उन्हें समर्थन देने वाले नेटवर्क के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी मिल सकती है। इसके साथ ही एनआईए विभिन्न घटनाओं, आरोपियों और उग्रवादी संगठनों के बीच संभावित संबंधों की भी जांच कर रही है।
एनआईए ने कहा कि मणिपुर हिंसा से जुड़े विभिन्न मामलों में जांच अभी जारी है और आगे भी आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
इसके साथ ही, मणिपुर में जातीय हिंसा के दौरान लूटे गए हथियारों के बारे में डीजीपी ने हाल ही में बड़ी जानकारी दी है। पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) मुकेश सिंह ने कहा कि जातीय हिंसा के दौरान लूटे गए हथियारों में से लगभग 70 प्रतिशत हथियार अब तक बरामद कर लिए गए हैं, जबकि बाकी हथियारों और गोला-बारूद का पता लगाने और उन्हें बरामद करने की कोशिशें तेज कर दी गई हैं।
डीजीपी ने कहा कि पुलिस और अन्य सुरक्षा बल उन लोगों से बहुत सख्ती से निपटेंगे जो अभी भी गैर-कानूनी तरीके से हथियार और गोला-बारूद रखे हुए हैं। हम कानून के मुताबिक उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई करेंगे और उन्हें हर हाल में गिरफ्तार किया जाएगा। उन्होंने आगे चेतावनी दी कि जो कोई भी अपनी ड्यूटी कर रहे पुलिसकर्मियों और अन्य सुरक्षा बलों पर गोली चलाने या हमला करने की कोशिश करेगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
--आईएएनएस
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