महाराष्ट्र में सूखे की स्थिति का जायजा लेने पहुंचे चंद्रशेखर बावनकुले, किसानों को हरसंभव मदद का भरोसा
जालना/छत्रपति संभाजीनगर, 2 अक्टूबर (आईएएनएस)। महाराष्ट्र के मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने जालना और छत्रपति संभाजीनगर जिलों के सूखा प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर फसलों और फलों के बागों को हुए नुकसान का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने किसानों से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं और अधिकारियों को नुकसान का जल्द से जल्द सही आकलन करने के निर्देश दिए।
जालना जिले के दौरे के दौरान मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने बदनापुर तालुका के वरुडी गांव का दौरा किया। उन्होंने खेतों में जाकर सूखे की स्थिति का निरीक्षण किया। उनके साथ विधायक नारायण कुचे भी मौजूद रहे।
मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि क्षेत्र में तुअर और कपास की फसलें अब समाप्ति की ओर हैं, जबकि पानी की कमी के कारण फलों के बाग सूख रहे हैं। मौसंबी की खेती पर भी सूखे का गंभीर असर पड़ा है। हिंगोली में हल्दी की फसल को भी नुकसान हुआ है। मौजूदा परिस्थितियों में फलों के बागों को बचाने के लिए प्रभावी उपायों पर विचार करने की जरूरत है।
उन्होंने कहा कि ग्रामीणों की मांग है कि चारा कैंप शुरू करने के बजाय ग्राम पंचायतों को उनके यहां मौजूद पशुओं की संख्या के आधार पर चारा उपलब्ध कराया जाए, ताकि पंचायतें स्वयं उसका वितरण कर सकें। यह व्यवस्था अधिक प्रभावी हो सकती है।
उन्होंने किसानों को भरोसा दिलाया कि सरकार संकट की इस घड़ी में उनके साथ मजबूती से खड़ी है। संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे प्रभावित क्षेत्रों में हुए नुकसान का जल्द और सटीक सर्वेक्षण करें।
जालना दौरे के दौरान उनके साथ विधायक नारायण कुचे, अतिरिक्त जिलाधिकारी रमेश मिसल, पूर्व जिला अध्यक्ष बद्रीनाथ पाठाडे, जिला महासचिव अनिलराव कोलते पाटिल, घनसावंगी विधानसभा क्षेत्र प्रमुख सतीश घाडगे पाटिल, हरिश्चंद्र शिंदे, बदनापुर तालुका अध्यक्ष भगवान मात्रे, सुरेश लहाने, राधाकिशन शिंदे, राम पाटिल खरात, पुरुषोत्तम जोशी, गणेश कोल्हे और बजरंग वैद्य सहित संबंधित अधिकारी, पदाधिकारी, पार्टी कार्यकर्ता और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।
इसके बाद बावनकुले ने छत्रपति संभाजीनगर जिले में सतना फाटा के पास सूखा प्रभावित क्षेत्रों का भी निरीक्षण किया। उन्होंने किसानों से बातचीत कर उनकी समस्याएं जानीं और उन्हें सरकार की ओर से हरसंभव सहायता का भरोसा दिया। उन्होंने अधिकारियों को प्रभावित क्षेत्रों में नुकसान का जल्द आकलन करने के निर्देश दिए।
इस दौरान विधायक अनुराधा चव्हाण, विधायक एनटी कुचे, करमाड कृषि उपज मंडी समिति के अध्यक्ष रामबाबा शेलके, भाऊराव मुले, सुदाम थोम्ब्रे और सतीश घाटगे पाटिल समेत स्थानीय पदाधिकारी, कार्यकर्ता और नागरिक मौजूद रहे।
--आईएएनएस
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