लोकसभा में मतदान से पहले पीएम मोदी की अपील, ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम में संशोधन का साथ दें’
नई दिल्ली, 17 अप्रैल (आईएएनएस)। लोकसभा में शुक्रवार शाम 4 बजे 'नारी शक्ति वंदन अधिनियम' में संशोधन के लिए लाए गए विधेयक पर वोटिंग होनी है। इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सभी राजनीतिक दलों से अपील करते हुए कहा कि सोच-विचार करके पूरी संवेदनशीलता से निर्णय लें, महिला आरक्षण के पक्ष में मतदान करें।
पीएम मोदी ने कहा कि देश की करोड़ों महिलाओं की दृष्टि हम सभी पर है, हमारी नीयत पर है, हमारे निर्णय पर है। कृपया करके नारी शक्ति वंदन अधिनियम में संशोधन का साथ दें।
पीएम मोदी ने लोकसभा में वोटिंग से पहले सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, ''संसद में इस समय नारीशक्ति वंदन अधिनियम में संशोधन पर चर्चा चल रही है। कल रात भी एक बजे तक चर्चा चली है। जो भ्रम फैलाए गए, उनको दूर करने के लिए तर्कबद्ध जवाब दिया गया है। हर आशंका का समाधान किया गया है। जिन जानकारियों का अभाव था, वो जानकारियां भी हर सदस्य को दी गई हैं। किसी के मन में विरोध का जो कोई भी विषय था, उसका भी समाधान हुआ है।''
उन्होंने आगे लिखा, ''महिला आरक्षण के इस विषय पर देश में चार दशक तक बहुत राजनीति कर ली गई है। अब समय है कि देश की आधी आबादी को उसके अधिकार अवश्य मिलें। आजादी के इतने दशकों बाद भी भारत की महिलाओं का निर्णय प्रक्रिया में इतना कम प्रतिनिधित्व रहे, ये ठीक नहीं।''
पीएम मोदी ने कहा, ''अब कुछ ही देर लोकसभा में मतदान होने वाला है। मैं सभी राजनीतिक दलों से आग्रह करता हूं, अपील करता हूं, कृपया करके सोच-विचार करके पूरी संवेदनशीलता से निर्णय लें, महिला आरक्षण के पक्ष में मतदान करें। मैं देश की नारी शक्ति की तरफ से भी सभी सदस्यों से प्रार्थना करूंगा, कुछ भी ऐसा ना करें, जिनसे नारी शक्ति की भावनाएं आहत हों। देश की करोड़ों महिलाओं की दृष्टि हम सभी पर है, हमारी नीयत पर है, हमारे निर्णय पर है। कृपया करके नारी शक्ति वंदन अधिनियम में संशोधन का साथ दें।''
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक अन्य पोस्ट में पीएम मोदी ने लिखा, ''मैं सभी सांसदों से कहूंगा। आप अपने घर में मां-बहन-बेटी-पत्नी सबका स्मरण करते हुए अपनी अंतरात्मा को सुनिए। देश की नारीशक्ति की सेवा का, उनके वंदन का ये बहुत बड़ा अवसर है। उन्हें नए अवसरों से वंचित नहीं करिए। ये संशोधन सर्वसम्मति से पारित होगा, तो देश की नारीशक्ति और सशक्त होगी। देश का लोकतंत्र और सशक्त होगा। आइए, हम मिलकर आज इतिहास रचें। भारत की नारी को… देश की आधी आबादी को उसका हक दें।''
--आईएएनएस
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