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केशव मौर्य का कांग्रेस पर पलटवार, बोले-2004-09 में जीत मिली तो क्या तब ईवीएम-चुनाव आयोग सही थे?

केशव मौर्य का कांग्रेस पर पलटवार, बोले-2004-09 में जीत मिली तो क्या तब ईवीएम-चुनाव आयोग सही थे?
केशव मौर्य का कांग्रेस पर पलटवार, बोले-2004-09 में जीत मिली तो क्या तब ईवीएम-चुनाव आयोग सही थे?

लखनऊ, 28 सितंबर (आईएएनएस)। उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने सोमवार को कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए कहा कि चुनाव जीतने पर सब कुछ सही और हारने पर ईवीएम तथा चुनाव आयोग पर सवाल उठाना विपक्ष की दोहरी राजनीति है।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस 2004 और 2009 में केंद्र में सत्ता में आई थी, तब क्या ईवीएम और चुनाव आयोग गलत थे। केशव प्रसाद मौर्य ने इसे 'मीठा-मीठा गप, तीखा-तीखा थू' वाली राजनीति करार दिया।

पत्रकारों से बातचीत में उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद ने कहा कि कांग्रेस, सपा और अन्य विपक्षी दल सत्ता में लौटने का सपना देख रहे हैं, लेकिन जनता उनके पूर्ववर्ती शासन और वर्तमान राजनीतिक रवैये को अच्छी तरह समझती है। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछली सरकारों ने उत्तर प्रदेश को विकास के बजाय अव्यवस्था, परिवारवाद और पिछड़ेपन की ओर धकेला।

उन्होंने कहा, “सपा हमारी विरोधी है और इंडी गठबंधन भी हमारा विरोधी है। वे एक साथ आएं या अलग-अलग चुनाव लड़ें, भाजपा का विजय रथ रुकने वाला नहीं है।”

केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि 2027 के विधानसभा चुनाव में भाजपा की लगातार तीसरी बार सरकार बनाने का संकल्प है और जनता का आशीर्वाद पार्टी के साथ है। सपा अध्यक्ष के पीडीए को लेकर उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव का पीडीए और उनका पीडीए रथ फर्जी है। पिछड़े, दलित और वंचित समाज के वास्तविक हित में काम भाजपा की डबल इंजन सरकार ने किया है। भाजपा सरकार ने गरीब, किसान, महिला, युवा और समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने का काम किया है।

ईवीएम और चुनाव आयोग को लेकर कांग्रेस के आरोपों पर उन्होंने सवाल किया कि जब कांग्रेस ने 2004 और 2009 में केंद्र में सरकार बनाई थी, तब क्या ईवीएम और चुनाव आयोग गलत थे? उन्होंने कहा कि चुनाव परिणाम अपने पक्ष में होने पर व्यवस्था पर भरोसा और हारने पर उसी व्यवस्था पर सवाल खड़ा करना विपक्ष की राजनीति का हिस्सा बन गया है।

उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश की जनता पूर्ववर्ती सरकारों का दौर दोबारा नहीं चाहती। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार विकास, सुशासन और जनकल्याण के एजेंडे के साथ आगे बढ़ रही है और 2027 में जनता के सामने इसी काम का हिसाब लेकर जाएगी।

--आईएएनएस

विकेटी/एसके

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