कर्नाटक में गारंटी योजनाओं के लिए नई कमेटियों का गठन, हर पंचायत और वार्ड में बनेंगी 6 सदस्यीय टीमें
बेंगलुरु, 16 सितंबर (आईएएनएस)। कर्नाटक सरकार ने अपनी गारंटी योजनाओं को व्यवस्थित और प्रभावी तरीके से लागू करने के लिए एक बड़ा फैसला लिया है। सरकार ने ग्राम पंचायत और वार्ड स्तर पर नई गारंटी कमेटियों के गठन का आदेश दिया है।
जानकारी के मुताबिक, ग्राम पंचायत और वार्ड दोनों स्तरों पर 6 सदस्यीय कमेटियां बनाई जाएंगी। इन कमेटियों में सदस्यों की नियुक्ति आरक्षण के नियमों के अनुसार की जाएगी।
हर कमेटी में 1 सदस्य एससी/एसटी वर्ग से, 1 सदस्य अल्पसंख्यक समुदाय से, 2 महिलाएं, 1 सदस्य ओबीसी वर्ग से और 1 सदस्य सामान्य वर्ग से होगा। सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि अगर किसी जगह अल्पसंख्यक सदस्य उपलब्ध नहीं होता है, तो उसकी जगह सामान्य वर्ग के सदस्य को नियुक्त किया जा सकता है।
सरकार ने कुल 5,927 ग्राम पंचायतों में 35,562 सदस्यों की नियुक्ति का आदेश दिया है। इसी तरह वार्ड स्तर पर भी कमेटियों का गठन किया जाएगा। खास बात यह है कि नियुक्त किए गए कमेटी सदस्यों को सरकार की ओर से कोई मानदेय या वेतन नहीं दिया जाएगा।
सरकार ने कमेटियों के गठन की प्रक्रिया को अधिकृत कर दिया है। माना जा रहा है कि इन कमेटियों के गठन में कांग्रेस कार्यकर्ताओं की भूमिका रहेगी।
यह कदम आगामी स्थानीय निकाय, जिला पंचायत और तालुक पंचायत चुनावों से पहले उठाया गया है। सरकार का मानना है कि इन कमेटियों के जरिए गारंटी योजनाओं का लाभ सीधे लोगों तक पहुंचेगा और जमीनी स्तर पर योजनाओं की निगरानी बेहतर हो सकेगी।
ये कमेटियां गांव और वार्ड स्तर पर लोगों की समस्याओं को सुनेंगी और यह सुनिश्चित करेंगी कि सरकार की पांचों गारंटी योजनाओं का लाभ सही लोगों तक पहुंच रहा है या नहीं। इससे न सिर्फ योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता आएगी, बल्कि लोगों के बीच सरकार की पहुंच भी मजबूत होगी।
राजनीतिक तौर पर भी इस फैसले को काफी अहम माना जा रहा है क्योंकि पंचायत चुनावों से ठीक पहले जमीनी स्तर पर कार्यकर्ताओं को एक्टिव करने और संगठन को मजबूत करने में इन कमेटियों की बड़ी भूमिका हो सकती है।
--आईएएनएस
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