इंदौर दूषित पानी मामले में हाई कोर्ट ने अधिकारियों को भेजा नोटिस, 6 को अगली सुनवाई
इंदौर, 2 जनवरी (आईएएनएस)। मध्य प्रदेश की औद्योगिक नगरी इंदौर में दूषित जल पीने से हुई मौत और कई लोगों के बीमार होने के मामले में तीन जनहित याचिकाएं दायर की गई हैं। इस पर सुनवाई करते हुए उच्च न्यायालय की इंदौर खंडपीठ ने दो अफसरों को कारण बताओ नोटिस जारी किए हैं।
हाई कोर्ट में दायर की गई जनहित याचिकाओं के बाद सरकार की ओर से स्टेटस रिपोर्ट पेश की गई। इस पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने नगर निगम आयुक्त और अतिरिक्त आयुक्त को नोटिस जारी किया है। साथ ही, इस मामले की अगली सुनवाई 6 जनवरी को होगी।
दरअसल, पिछले दिनों भागीरथपुरा इलाके में दूषित पानी पीने से कई लोगों की मौत हुई है, जबकि प्रशासन सिर्फ चार लोगों की मौत स्वीकार रहा है। वहीं, मौतों का आंकड़ा स्थानीय लोग और राजनीतिक दल 14 से ज्यादा बता रहे हैं। सरकार की ओर से पेश की गई स्टेटस रिपोर्ट के दौरान भी यह बात सामने लाई गई कि प्रशासन अभी भी सिर्फ चार लोगों की मौत बता रहा है।
बताया गया है कि इस मामले की अगली सुनवाई 6 जनवरी को होगी, जिसमें प्रशासन को दूषित पानी पीने से हुई मौतों का आंकड़ा पेश करना होगा। साथ ही कितने लोग बीमार हैं और आईसीयू में भर्ती हैं, यह भी विवरण देना होगा। भागीरथपुरा में दूषित पानी पीने से ही मौत के मामले में सरकार ने भी सख्त एक्शन लिया है। तीन अधिकारियों पर कार्रवाई की गई है। वहीं, जांच समिति भी बनाई गई है। दूसरी ओर विपक्षी दल सरकार को और नगर निगम को घेरने में लगे हुए हैं।
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