काशी में ऐतिहासिक पौधारोपण अभियान: 30 मिनट में 3 लाख पौधे, गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज नाम
धर्म और संस्कृति की नगरी काशी, जिसे पौराणिक काल में ‘आनंद-कानन’ (खुशियों का वन) कहा जाता था, अब एक बार फिर अपने वैभवशाली स्वरूप की ओर लौट रही है। गंगा के तट पर बसे सुजाबाद डोमरी क्षेत्र में वाराणसी नगर निगम ने एक ऐतिहासिक पौधारोपण अभियान चलाया, जिसने विश्व कीर्तिमान स्थापित कर दिया है।
इस महाभियान में काशीवासियों ने अपनी अटूट आस्था और पर्यावरण के प्रति प्रेम का जीवंत उदाहरण पेश किया। करीब 20 हजार से अधिक लोग एकजुट होकर केवल 30 मिनट में 3 लाख से अधिक पौधे रोपित करने में सफल रहे। इस अद्भुत उपलब्धि ने वाराणसी को गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड में स्थान दिलाया।
नगर निगम अधिकारियों ने बताया कि यह अभियान सिर्फ पर्यावरण संरक्षण तक सीमित नहीं था, बल्कि काशी की सांस्कृतिक और पौराणिक पहचान को उजागर करने का भी हिस्सा था। उन्होंने कहा कि इस अभियान के जरिए लोगों में पौधारोपण और हरित वातावरण के प्रति जागरूकता बढ़ी है।
स्थानीय लोग भी इस पहल को गर्व की बात मान रहे हैं। कई वरिष्ठ नागरिकों और युवाओं ने मिलकर पौधे रोपने में भाग लिया और इसे काशीवासियों की सामूहिक मेहनत और लगन का प्रतीक बताया।
विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह के बड़े पैमाने पर सामूहिक पौधारोपण न केवल पर्यावरण को संरक्षित करने में मदद करता है, बल्कि सामाजिक और सांस्कृतिक चेतना को भी मजबूत बनाता है। काशी का यह गौरवशाली कदम अन्य नगरों और राज्यों के लिए प्रेरणा का स्रोत बन सकता है।

