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शांति प्रस्तावों पर विचार के बाद भी अमेरिका और ईरान के बीच मतभेद बरकरार: कतर के विदेश मंत्रालय

शांति प्रस्तावों पर विचार के बाद भी अमेरिका और ईरान के बीच मतभेद बरकरार: कतर के विदेश मंत्रालय
शांति प्रस्तावों पर विचार के बाद भी अमेरिका और ईरान के बीच मतभेद बरकरार: कतर के विदेश मंत्रालय

दोहा, 3 नवंबर (आईएएनएस)। कतर के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता माजिद अल अंसारी ने कहा क‍ि अमेर‍िका और ईरान के बीच लगातार कूटनीतिक बातचीत के बावजूद दोनों देशों के बीच मौजूद मतभेद अभी पूरी तरह दूर नहीं हुए हैं। दोनों देश तनाव और संघर्ष को खत्म करने के लिए पेश किए गए प्रस्तावों पर विचार कर रहे हैं।

प्रवक्ता माजिद अल अंसारी ने साप्ताहिक प्रेस ब्रीफिंग में कहा, "दोनों पक्षों के बीच की दूरी कम करने की कोशिश जारी है। अमेरिका और ईरान दोनों ही मध्यस्थों की ओर से दिए गए सुझावों और प्रस्तावों की समीक्षा कर रहे हैं।"

सिन्हुआ समाचार एजेंसी के अनुसार, अल अंसारी ने कहा कि कतर का एक प्रतिनिधिमंडल सोमवार शाम तेहरान से लौटा है। वहां ईरानी अधिकारियों के साथ तीन घंटे से अधिक समय तक बातचीत हुई, जबकि शुरू में यह बैठक सिर्फ एक घंटे के लिए तय की गई थी। उन्होंने बताया कि बातचीत के दौरान वॉशिंगटन और तेहरान के बीच मतभेद कम करने के लिए कई विचारों और प्रस्तावों पर चर्चा हुई। उन्होंने कहा कि इस यात्रा के बाद भी मध्यस्थता की कोशिशें लगातार जारी हैं।

हालांकि, अल अंसारी ने कहा कि चल रही बातचीत को किसी बड़ी सफलता के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए। उनके अनुसार, अभी तक ऐसा कोई ठोस नतीजा सामने नहीं आया है, जिसकी औपचारिक घोषणा की जा सके। फिर भी दोनों पक्ष बातचीत के रास्ते पर आगे बढ़ने की इच्छा दिखा रहे हैं।

उन्होंने बताया कि कतर एक अंतरिम समझौते की दिशा में काम कर रहा है, जिससे अमेरिका और ईरान के बीच भरोसा बढ़ सके और आगे की बातचीत तथा स्थायी समाधान का रास्ता तैयार हो सके।

अल अंसारी ने कहा कि भरोसा बढ़ाने वाले कदम चरणबद्ध कूटनीतिक प्रक्रिया का हिस्सा होने चाहिए और दोनों पक्षों को सहमत उपायों को लागू करके अपनी प्रतिबद्धता दिखानी चाहिए।

अरब सागर क्षेत्र में हाल ही में कतर के एलएनजी जहाज अल मयेदा से जुड़ी घटना पर भी उन्होंने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने हमले की निंदा करते हुए कहा कि कतर समुद्री मार्गों की स्वतंत्र आवाजाही को खतरे में डालने वाली किसी भी कार्रवाई का विरोध करता है।

उन्होंने कहा कि गल्फ कोऑपरेशन काउंसिल (जीसीसी) के सदस्य देश क्षेत्र में तनाव बढ़ने से रोकने के लिए आपस में लगातार समन्वय कर रहे हैं। उनके मुताबिक, संघर्ष का दोबारा बढ़ना किसी भी पक्ष के हित में नहीं होगा। अल अंसारी ने उम्मीद जताई कि लगातार जारी बातचीत से ऐसा समझौता हो सकेगा जो मौजूदा संकट को खत्म करने में मदद करेगा और क्षेत्र में लंबे समय तक शांति बनाए रखने की नींव रखेगा।

--आईएएनएस

एवाई/वीसी

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