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तमिलनाडु: 16 शहरी स्थानीय निकायों के लिए 25 वर्ष का इंफ्रास्ट्रक्चर रोडमैप जारी

तमिलनाडु: 16 शहरी स्थानीय निकायों के लिए 25 वर्ष का इंफ्रास्ट्रक्चर रोडमैप जारी
तमिलनाडु: 16 शहरी स्थानीय निकायों के लिए 25 वर्ष का इंफ्रास्ट्रक्चर रोडमैप जारी

चेन्नई, 4 नवंबर (आईएएनएस)। तमिलनाडु सरकार ने म्युनिसिपल कॉरपोरेशन सहित 16 शहरी स्थानीय निकायों के लिए 25-वर्षीय बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट प्लान तैयार करने की एक बड़ी कोशिश शुरू की है, जिससे बढ़ते शहरीकरण के प्रभाव को कम करने, नागरिक सुविधाओं को बेहतर बनाने और क्लाइमेट रेजिलिएंस को मजबूत करने में मदद मिलेगी।

वर्ल्ड बैंक से फंडेड तमिलनाडु क्लाइमेट रेजिलिएंट अर्बन डेवलपमेंट प्रोजेक्ट के तहत शुरू की गई यह पहल, इंफ्रास्ट्रक्चर की कमियों की पहचान करेगी। भविष्य की जरूरतों का आकलन करेगी और सस्टेनेबल शहरी विकास के लिए एक फेज्ड इन्वेस्टमेंट स्ट्रैटेजी बनाएगी।

तमिलनाडु अर्बन इंफ्रास्ट्रक्चर फाइनेंशियल सर्विसेज लिमिटेड (टीएनयूआईएफएसएल) ने पांच पैकेज में बंटे रिक्वेस्ट फॉर प्रपोजल के जरिए सिटी इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट प्लान तैयार करने के लिए कंसल्टेंसी फर्मों को बुलाया है। यह मिशन मुख्यमंत्री के इंटीग्रेटेड अर्बन डेवलपमेंट मिशन की कोशिश का हिस्सा है। इससे शहरी इंफ्रास्ट्रक्चर को मॉडर्न बनाने और जरूरी म्युनिसिपल सर्विसेज की डिलीवरी को बेहतर बनाने में मदद मिलेगी।

इस पहल में चेन्नई, तिरुनेलवेली, नागरकोइल, थूथुकुडी, शिवकाशी, अवाडी, तांबरम, कुड्डालोर, वेल्लोर, तिरुवन्नामलाई, कोयंबटूर, इरोड, तिरुप्पुर, सलेम और होसुर नगर निगमों के अलावा उधग मंडलम स्पेशल ग्रेड नगर पालिका शामिल हैं।

प्रस्तावित फ्रेमवर्क के तहत, कंसल्टेंट मौजूदा सिविक इंफ्रास्ट्रक्चर का डिटेल्ड असेसमेंट करेंगे, जिसमें पीने के पानी की सप्लाई, अंडरग्राउंड सीवरेज सिस्टम, स्टॉर्मवॉटर ड्रेनेज नेटवर्क, सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट, सड़कें और पैदल चलने वालों की सुविधाएं शामिल हैं।

स्टडी में पब्लिक हेल्थ सुविधाओं, स्कूलों, बाजारों, कम्युनिटी हॉल, पार्कों, वॉटरबॉडी और डिजिटल म्युनिसिपल सेवाओं की स्थिति की भी जांच की जाएगी। बाढ़ की आशंका वाले इलाकों की पहचान करने, मौसम से जुड़ी कमजोरियों का आकलन करने और खराब मौसम की घटनाओं का सामना करने में सक्षम इंफ्रास्ट्रक्चर में सुधार की सिफारिश करने पर खास जोर दिया जाएगा।

अधिकारियों को उम्मीद है कि इस एक्सरसाइज से शहरी प्रशासन को इन्वेस्टमेंट जुटाने, सर्विस डिलीवरी में सुधार करने और अगली चौथाई सदी में शहरों की आबादी बढ़ने और क्लाइमेट से जुड़ी चुनौतियों के लिए तैयार करने के लिए एक स्ट्रक्चर्ड फ्रेमवर्क मिलेगा।

--आईएएनएस

एसडी/एबीएम

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