Samachar Nama
×

कर्नाटक उच्च न्यायालय ने भाजपा विधायक जीवराज के खिलाफ एफआईआर पर लगाई रोक

बेंगलुरु, 5 मई (आईएएनएस)। कर्नाटक हाई कोर्ट ने मंगलवार को श्रृंगेरी के विधायक डीएन जीवराज के खिलाफ दर्ज एफआईआर पर अंतरिम रोक लगा दी। कोर्ट ने पुलिस विभाग को फटकार लगाते हुए चेतावनी दी कि वे राजनीतिक दबाव में आकर काम न करें।
कर्नाटक उच्च न्यायालय ने भाजपा विधायक जीवराज के खिलाफ एफआईआर पर लगाई रोक

बेंगलुरु, 5 मई (आईएएनएस)। कर्नाटक हाई कोर्ट ने मंगलवार को श्रृंगेरी के विधायक डीएन जीवराज के खिलाफ दर्ज एफआईआर पर अंतरिम रोक लगा दी। कोर्ट ने पुलिस विभाग को फटकार लगाते हुए चेतावनी दी कि वे राजनीतिक दबाव में आकर काम न करें।

श्रृंगेरी विधानसभा क्षेत्र में पोस्टल बैलेट की दोबारा गिनती में बीजेपी उम्मीदवार की जीत के बाद, कर्नाटक पुलिस ने सोमवार को चिक्कमगलूर टाउन पुलिस स्टेशन में डीएन जीवराज समेत तीन लोगों के खिलाफ गड़बड़ी के आरोप में मामला दर्ज किया था।

2023 के विधानसभा चुनाव में श्रृंगेरी सीट पर पोस्टल बैलेट की दोबारा जांच और गिनती की प्रक्रिया हाई कोर्ट के आदेश पर रविवार को पूरी हुई थी।

जस्टिस वी श्रीशानंद की अध्यक्षता वाली बेंच ने जीवराज की याचिका पर सुनवाई करते हुए यह आदेश दिया। जीवराज ने अपने खिलाफ दर्ज आपराधिक केस को रद्द करने की मांग की थी।

सुनवाई के दौरान कोर्ट ने इस मामले को संभालने के तरीके पर नाराजगी जताई और पूछा कि 13 मई 2023 की कथित घटना के लिए अब एफआईआर कैसे दर्ज की गई। कोर्ट ने यह भी कहा कि पहले इस कथित गड़बड़ी की जानकारी अदालत को क्यों नहीं दी गई।

जज ने कहा कि ऐसे आरोप अक्सर हारने वाले उम्मीदवारों की ओर से लगाए जाते हैं और जांच अधिकारी को कोर्ट में पेश होने का निर्देश दिया।

कोर्ट ने यह भी सवाल उठाया कि 2023 में पद पर रहे डिप्टी कमिश्नर के खिलाफ एफआईआर क्यों दर्ज की गई, जबकि वर्तमान चुनाव अधिकारी गौरव शेट्टी के खिलाफ कोई मामला नहीं है। साथ ही पुलिस को राजनीतिक प्रभाव में काम न करने की चेतावनी दी।

अदालत ने कहा कि पोस्टल बैलेट की दोबारा गिनती उसके पहले के आदेशों के अनुसार हुई थी, तो उस समय सील गायब होने या डबल मार्किंग जैसे मुद्दे क्यों नहीं उठाए गए।

अदालत ने इस मामले में किसी भी तरह की सख्त कार्रवाई पर अंतरिम रोक लगाई और अगली सुनवाई 7 मई तक के लिए टाल दी।

इस मामले में शिकायत 3 मई को वकील सुधीर कुमार मुरोली ने दर्ज कराई थी, जो पोस्टल बैलेट गिनती के दौरान एजेंट थे। उन्होंने गिनती के दौरान बैलेट पेपर में गड़बड़ी की आशंका जताई।

--आईएएनएस

एएमटी/एबीएम

Share this story

Tags