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सोनू निगम ने पुराने विवाद पर फिर दी सफाई, कहा- पहलगाम का जिक्र बेंगलुरु कॉन्सर्ट में हुई गाली का जवाब था

सोनू निगम ने पुराने विवाद पर फिर दी सफाई, कहा- पहलगाम का जिक्र बेंगलुरु कॉन्सर्ट में हुई गाली का जवाब था
सोनू निगम ने पुराने विवाद पर फिर दी सफाई, कहा- पहलगाम का जिक्र बेंगलुरु कॉन्सर्ट में हुई गाली का जवाब था

मुंबई, 15 अक्टूबर (आईएएनएस)। मशहूर गायक सोनू निगम ने 2025 में बेंगलुरु कॉन्सर्ट के दौरान दिए गए अपने बयान से जुड़े विवाद पर एक बार फिर सफाई दी है। उन्होंने कर्नाटक निवासी मंजूनाथ राव और उनकी पत्नी पल्लवी का एक वीडियो साझा किया है, जिसमें वे पहलगाम आतंकी हमले में मारे जाने से पहले डल झील पर शिकारा राइड का आनंद ले रहे हैं।

सोशल मीडिया पर कन्नड़ लोगों को संबोधित करते हुए एक लंबी पोस्ट में सोनू ने 2025 के कॉन्सर्ट में हुई घटना पर अपनी प्रतिक्रिया का बचाव किया। उन्होंने दावा किया कि उन्हें दर्शकों के एक वर्ग से गालियां सुननी पड़ी थीं और पहलगाम हमले का उनका जिक्र उन्हें उस नफरत और हिंसा की याद दिलाने के लिए था, जिसने मासूम जिंदगियां ली थीं।

उन्होंने लिखा, "मेरे प्यारे कन्नड़ लोगों, सबसे पहले कॉन्सर्ट को हाउसफुल बनाने के लिए धन्यवाद। इससे मुझे बहुत राहत मिली है क्योंकि मैं नहीं चाहता कि जिन लोगों को मैंने अपना समझ कर प्यार किया है, उनके दिल में मेरे लिए किसी तरह की बेचैनी हो।"

पहलगाम के जिक्र को समझाते हुए गायक ने कहा कि कर्नाटक के उस कपल का वीडियो ही उनकी प्रतिक्रिया की वजह था। उन्होंने लिखा, "जहां तक पहलगाम के जिक्र की बात है, इस वीडियो में दिख रहा व्यक्ति ही सबकुछ की वजह है। हर भारतीय की तरह मैं भी यह वीडियो देख कर रोया, जहां वह और उसकी पत्नी गर्व से बताते हैं कि वह कर्नाटक से है और कश्मीर के अनुभव की तारीफ कर रहे हैं। उन्हें क्या पता था कि कुछ ही मिनटों में उन्हें सिर्फ इसलिए गोली मार दी जाएगी क्योंकि वे हिंदू हैं! यह तथ्य कि वे कन्नड़ हैं, उनके बचाव में नहीं आएगा।"

बेंगलुरु कॉन्सर्ट को याद करते हुए सोनू ने आरोप लगाया कि गाली-गलौज पहले गाने से ही शुरू हो गई थी। उन्होंने कहा, "मुझे यकीन है कि आप में से कोई भी वास्तविक जीवन में किसी से 'निन अम्मा, निन अक्का' जैसी गालियां बर्दाश्त नहीं करेगा। गालियां पहले ही गाने से शुरू हो गई थीं। और ध्यान रहे, यह एक कॉलेज शो था, टिकट वाला शो नहीं। मैं कम बजट के कारण कॉलेज शो से बचता हूं, लेकिन कर्नाटक के लिए मैंने कभी मना नहीं किया। मैं डेढ़ घंटे के कन्नड़ गानों के लिए तैयार होकर जाता हूं, और वे तब होते हैं जब मेरा परफॉर्मेंस अपने चरम पर होता है।"

केआरवी को संबोधित करते हुए सोनू ने संगठन के कन्नड़ और कन्नड़ लोगों के प्रति स्नेह को स्वीकार किया, लेकिन कहा कि उसके सदस्यों ने कॉन्सर्ट में हुई घटना को नहीं देखा। उन्होंने कहा, "और प्यारे केआरवी, कन्नड़ और कन्नड़ लोगों के लिए आपका प्यार मेरे दिल में बहुत सम्मान के साथ है। आपका गुस्सा जायज है क्योंकि आप वहां नहीं थे, यह देखने के लिए कि वास्तव में क्या हुआ था। इसलिए मैंने सोचा कि जो वास्तव में हुआ उसकी असली सच्चाई बताना मेरा कर्तव्य है। कृपया वहां मौजूद दर्शकों से जाकर बात कीजिए कि जब मुझे गाली दी जा रही थी तो वे कितने शर्मिंदा थे!"

उन्होंने कहा, "जहां तक कन्नड़ में मेरे गाने की बात है, किसी ऐसे व्यक्ति पर उंगली उठाना बहुत बचकाना होगा जिसने 30 साल तक कन्नड़ संगीत और संस्कृति में योगदान दिया है और 30,000 गैर-कन्नड़ लोगों के कॉन्सर्ट में सिर्फ उस एक कन्नड़ के लिए कन्नड़ गाना गाता है जो कन्नड़ गाने की रिक्वेस्ट करता है।"

उन्होंने आगे कहा, "मुझे काम करने या गाने या परफॉर्म करने की कोई जरूरत नहीं है। मैंने पेशे में अपने 49 सालों में काफी पैसा कमा लिया है।"

सोनू की यह पोस्ट उस विवाद को फिर से सामने लाती है जो अप्रैल 2025 में तब शुरू हुआ था जब उन्होंने बेंगलुरु के एक कॉलेज में परफॉर्मेंस के दौरान कन्नड़ गाने की मांग पर प्रतिक्रिया देते हुए पहलगाम हमले से जोड़ा था। उनकी इस टिप्पणी की केआरवी सहित कन्नड़ समर्थक समूहों ने आलोचना की थी। बताया जा रहा है कि यह विवाद उनके आगामी बेंगलुरु कॉन्सर्ट से पहले फिर से उभरा है, जिसमें केआरवी ने इस कार्यक्रम को होने से रोकने की मांग की है और अनुमति मिलने पर विरोध प्रदर्शन की धमकी दी है।

--आईएएनएस

डीएससी

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