पीएम मोदी ने इंडोनेशिया दौरे के खास पलों को किया शेयर, कहा- भारत-इंडोनेशिया की दोस्ती मजबूत और जीवंत
जकार्ता, 8 जुलाई (आईएएनएस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को अपनी इंडोनेशिया यात्रा की खास बातें शेयर कीं। उन्होंने दोनों देशों के रिश्तों को मजबूत और जीवंत बताया। इसके साथ ही, यात्रा के अहम पलों की तस्वीरें भी शेयर की हैं। इन खास पलों में उनका औपचारिक स्वागत, उन्हें मिला सम्मान, इंडोनेशिया की संसद में उनका संबोधन और भारतीय समुदाय की ओर से मिला उत्साहपूर्ण स्वागत शामिल था।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर एक वीडियो शेयर किया। उन्होंने लिखा, "भारत-इंडोनेशिया की दोस्ती मजबूत और जीवंत है।"
5.13 मिनट के वीडियो की शुरुआत में बच्चों की झलक दिखाई गई। सारे बच्चे मिलकर कहते हैं, "वेलकम मोदी जी।" इसके बाद इनमें से एक बच्चा कहता है, "आई लव यू, मोदी जी।"
अपने संदेश में पीएम मोदी ने कहा, "मैं इस गर्वजोशी भरे स्वागत के लिए अपने मित्र राष्ट्रपति प्रबावो सुबियांतो का हृदय से आभार व्यक्त करता हूं। मुझे विश्वास है कि आज से भारत-इंडोनेशिया साझेदारी का एक सुनहरा अध्याय शुरू होगा।"
पीएम मोदी ने आगे कहा, "मुझे बहुत स्नेह और आदर्श के साथ इंडोनेशिया का सर्वोच्च सम्मान दिया गया है। यह सम्मान कोटि-कोटि भारतवासियों, इंडोनेशिया के लोगों की भावनाओं और भारत-इंडोनेशिया के ऐतिहासिक व आत्मनीय संबंधों का है।"
उन्होंने कहा कि बीते वर्षों में भारत और इंडोनेशिया के संबंधों में एक नई ऊर्जा, नया विश्वास और एक नई गहराई आयी है। 2018 में बनी हमारी व्यापक रणनीतिक साझेदारी आज एक नई उड़ान ले रही है। पीएम मोदी ने कहा, "राष्ट्रपति प्रबावो ने कॉपीराइट की बात कही। मैं उन्हें यही कहूंगा कि इस प्रेम और स्नेह पर किसी का कॉपीराइट नहीं हो सकता है।"
उन्होंने कहा कि जब भारत और इंडोनेशिया साथ खड़े होते हैं तो दुनिया का यह विश्वास मजबूत होता है कि लोकतंत्र अवसर व विश्वास देता है और भविष्य बनाता है। जब भारत-इंडोनेशिया साथ मिलकर चलते हैं, कुछ कुछ से भी आगे बढ़कर बहुत कुछ होता है। पीएम मोदी ने कहा, "भारत 'सबका साथ-सबका विकास' के मंत्र पर चलता है। इसलिए अपने साझेदारों के साथ मिलकर नए अवसर बनाता है। उन्हें भी नए अवसरों से जोड़ता है।"
अपने वीडियो संदेश में पीएम मोदी ने कहा, "भारत ने आज जो ग्रोथ हासिल की है, वह 140 करोड़ लोगों के सपनों की ग्रोथ है। यह करोड़ों भारतीयों की अभिव्यक्ति की ग्रोथ है।"
गौरतलब है कि इंडोनेशिया की पीएम मोदी की यात्रा ने द्विपक्षीय सहयोग, खासकर रक्षा और आर्थिक साझेदारी के क्षेत्र में काफी विस्तार किया है, जिससे नई दिल्ली और जकार्ता के बीच रणनीतिक तालमेल और गहरा हुआ है।
प्रधानमंत्री की जकार्ता की राजकीय यात्रा के दौरान भारत और इंडोनेशिया ने कई क्षेत्रों में सहयोग को मजबूत करने के मकसद से 20 व्यापक समझौतों और दस्तावेजों को अंतिम रूप दिया। रक्षा सहयोग के तहत, इंडोनेशिया ने भारत में बनी ब्रह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइलों की अपनी संख्या बढ़ाने पर सहमति जताई। जकार्ता ने भारत की स्वदेशी 'अस्त्र बियॉन्ड-विजुअल-रेंज एयर-टू-एयर मिसाइल' खरीदने का भी फ़ैसला किया, जिन्हें भारत डायनामिक्स लिमिटेड की ओर से इंडोनेशिया के सुखोई-30 लड़ाकू विमानों में लगाया जाएगा।
दोनों देशों ने रणनीतिक रूप से अहम सबांग बंदरगाह के संयुक्त विकास के लिए भी एक समझौते को अंतिम रूप दिया। भारत, इंडोनेशिया के 2029 के आम चुनावों के लिए वहां की जरूरत के हिसाब से इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) विकसित करने में इंडोनेशिया के चुनाव आयोग की मदद भी करेगा। डिजिटल क्षेत्र में, दोनों देशों ने आईओएन लॉन्च करने की घोषणा की।
--आईएएनएस
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