असम पुलिस ने पवन खेड़ा से की लंबी पूछताछ, 14 मई को फिर होंगे पेश
गुवाहाटी, 13 मई (आईएएनएस)। असम पुलिस ने बुधवार को गुवाहाटी क्राइम ब्रांच कार्यालय में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पवन खेड़ा से 11 घंटे से अधिक समय तक पूछताछ की। यह पूछताछ मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा की पत्नी रिंकी भुइयां सरमा द्वारा दर्ज कराई गई एफआईआर से जुड़े मामले में की गई।
पुलिस अधिकारियों द्वारा लंबी पूछताछ के बाद पवन खेड़ा देर शाम क्राइम ब्रांच कार्यालय से बाहर निकले।
कांग्रेस नेता ने मीडिया से बातचीत में बताया कि उन्हें आगे की पूछताछ के लिए गुरुवार सुबह फिर बुलाया गया है। उन्होंने कहा, ''मुझे गुरुवार सुबह 9:30 बजे फिर से क्राइम ब्रांच कार्यालय में पेश होने के लिए कहा गया है।''
उन्होंने कहा कि वह जांच टीम के साथ पूरा सहयोग कर रहे हैं और कानून का सम्मान करते हैं।
खेड़ा ने कहा, ''मैं पुलिस के साथ सहयोग कर रहा हूं। मैं कानून का पालन करने वाला नागरिक हूं और आगे भी जांच में सहयोग करता रहूंगा।''
इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में खेड़ा को अग्रिम जमानत दी थी। कोर्ट ने उन्हें गिरफ्तारी से राहत देते हुए जांच में सहयोग करने का निर्देश दिया था।
क्राइम ब्रांच कार्यालय के बाहर मीडिया से बातचीत में खेड़ा ने कहा था कि उन्हें न्यायपालिका पर भरोसा है और वह कानून का पालन करेंगे।
यह मामला रिंकी भुइयां सरमा द्वारा गुवाहाटी क्राइम ब्रांच थाने में दर्ज कराई गई शिकायत से जुड़ा है।
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि पवन खेड़ा ने सार्वजनिक रूप से दावा किया था कि रिंकी भुइयां सरमा के पास कई विदेशी पासपोर्ट हैं और विदेशों में उनके आर्थिक हित जुड़े हुए हैं।
एफआईआर में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की कई धाराएं लगाई गई हैं। इनमें चुनाव से जुड़े मामलों में झूठे बयान, धोखाधड़ी, मूल्यवान दस्तावेजों की जालसाजी, सार्वजनिक रिकॉर्ड में फर्जीवाड़ा, फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल, जानबूझकर अपमान और मानहानि जैसी धाराएं शामिल हैं।
--आईएएनएस
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