Samachar Nama
×

महिलाओं का सम्मान उनके कपड़ों से नहीं, उनकी पहचान से होना चाहिए : निधि शेट्टी

महिलाओं का सम्मान उनके कपड़ों से नहीं, उनकी पहचान से होना चाहिए : निधि शेट्टी
महिलाओं का सम्मान उनके कपड़ों से नहीं, उनकी पहचान से होना चाहिए : निधि शेट्टी

मुंबई, 21 जुलाई (आईएएनएस)। टीवी शो 'अनुपमा' में प्रेरणा के किरदार में अपनी अलग पहचान बना रहीं अभिनेत्री निधि शेट्टी इन दिनों शो के मौजूदा ट्रैक को लेकर चर्चा में हैं। निधि का मानना है कि 'अनुपमा' सिर्फ मनोरंजन नहीं करता, बल्कि समाज में मौजूद कई ऐसी सोच पर भी सवाल उठाता है, जिनका सामना आज भी महिलाएं अपने रोजमर्रा के जीवन में करती हैं।

निधि शेट्टी ने कहा, "अनुपमा दर्शकों के दिलों तक इसलिए पहुंचता है क्योंकि इसकी कहानी काल्पनिक कम और वास्तविक जीवन के ज्यादा करीब होती है। शो में दिखाई जाने वाली परिस्थितियां वही हैं, जिनका सामना आज भी देश के कई परिवारों में महिलाएं करती हैं। प्रेरणा के किरदार के जरिए ऐसे मुद्दों को सामने लाया जा रहा है, जिन पर समाज में खुलकर बात होना जरूरी है।"

उन्होंने आगे कहा, ''अगर इस शो को देखने के बाद कुछ लोग भी अपनी सोच बदलने की कोशिश करें या महिलाओं को लेकर बने पुराने नजरिए पर दोबारा विचार करें, तो यह हमारे लिए सबसे बड़ी सफलता होगी। एक कलाकार के तौर पर ऐसी कहानी का हिस्सा बनना हमेशा खुशी देता है, जो सिर्फ मनोरंजन न करे, बल्कि समाज को सोचने पर भी मजबूर करे।''

शो के हालिया एपिसोड में प्रेरणा एक सीन में परिवार के सामने अपनी बात मजबूती से रखती है। इस बारे में बात करते हुए निधि ने कहा, ''मैंने इस सीन में गुस्से से ज्यादा प्रेरणा की भावनाओं पर ध्यान दिया। वह अपने कपड़ों के लिए नहीं लड़ रही है, बल्कि इसलिए आवाज उठा रही है, क्योंकि वह बार-बार अपनी निजी पसंद को लेकर जज किए जाने से थक चुकी है। उसे सबसे ज्यादा इस दोहरे मापदंड ने तकलीफ पहुंचाई कि जो बातें एक बेटी के लिए सामान्य मानी जाती हैं, वही बहू के लिए सवाल बन जाती हैं।''

निधि ने बताया कि यह स्थिति केवल टीवी की कहानी नहीं, बल्कि वास्तविक जीवन का भी हिस्सा है। उन्होंने कहा, ''आज भी कई महिलाएं ऐसे दोहरे मापदंड का सामना करती हैं। किसी महिला का सम्मान इस बात से तय नहीं होना चाहिए कि वह क्या पहनती है या परिवार में उसकी क्या भूमिका है। हर महिला को अपनी पसंद से जीवन जीने और अपने फैसले लेने का अधिकार है। सम्मान उसके कपड़ों या रिश्तों के आधार पर नहीं, बल्कि एक इंसान होने के नाते मिलना चाहिए।''

अभिनेत्री ने कहा, ''यह मुद्दा मेरे निजी जीवन से भी जुड़ा रहा है। एक अभिनेत्री और कंटेंट क्रिएटर होने के कारण मुझे भी कई बार सिर्फ तस्वीरों या सोशल मीडिया पोस्ट के आधार पर जज किया गया। लोग अक्सर आपको जाने बिना ही आपके बारे में राय बना लेते हैं। कई बार मुझे भी मेरे पहनावे की वजह से आलोचना का सामना करना पड़ा, लेकिन समय के साथ मैंने समझ लिया कि हर किसी को खुश करना संभव नहीं है। सबसे जरूरी बात यह है कि इंसान खुद के साथ सहज और आत्मविश्वासी रहे।''

इन दिनों 'अनुपमा' की कहानी में प्रेरणा अपने परिवार की संपत्ति में अपना हिस्सा मांगती नजर आ रही है। इस ट्रैक को लेकर भी सोशल मीडिया पर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं। हालांकि निधि का कहना है, ''इस कहानी को गलत तरीके से नहीं देखा जाना चाहिए। प्रेरणा अब ऐसी स्थिति में पहुंच चुकी है, जहां वह सम्मान के साथ जीना चाहती है। संपत्ति में अपना हिस्सा मांगने का उद्देश्य लालच नहीं, बल्कि आत्मसम्मान और सुरक्षित भविष्य है।''

--आईएएनएस

पीके/पीएम

Share this story