Samachar Nama
×

तमिलनाडु के नीलगिरी में तेंदुए का वीडियो वायरल, ग्रामीणों में दहशत

तमिलनाडु के नीलगिरी में तेंदुए का वीडियो वायरल, ग्रामीणों में दहशत
तमिलनाडु के नीलगिरी में तेंदुए का वीडियो वायरल, ग्रामीणों में दहशत

नीलगिरी, 11 अक्टूबर (आईएएनएस)। तमिलनाडु के नीलगिरी जिले के कोटागिरी के पास ओरासोलाई गांव में एक तेंदुए का वीडियो सामने आने के बाद लोगों में दहशत फैल गई है। ग्रामीणों ने वन विभाग से तेंदुए को वापस जंगल में भेजने की मांग की है।

सीसीटीवी फुटेज में तेंदुआ एक घर के सामने सड़क पर चलता हुआ दिखाई दे रहा है और फिर रिहायशी इलाके से गुजर रहा है। सोशल मीडिया पर यह वीडियो वायरल होने के बाद गांव में चिंता और बढ़ गई है। ग्रामीणों का कहना है कि उनके इलाके में अक्सर तेंदुए और भालू आबादी में घुस आते हैं।

ग्रामीणों ने अपील की है कि घरों के इतने करीब तेंदुए की मौजूदगी से कोई बड़ा हादसा हो सकता है, इसलिए वन विभाग जल्द कार्रवाई करे। हालांकि इस ताजा घटना में किसी के घायल होने या हमले की कोई खबर नहीं है।

ओरासोलाई में दिखे तेंदुए की घटना के पीछे तमिलनाडु के बागान क्षेत्रों में हुए तेंदुओं के घातक हमलों का इतिहास भी है, खासकर नीलगिरी और वालपराई में, जहां कई पीड़ित बागान मजदूरों के परिवार के बच्चे रहे हैं।

नीलगिरी में 6 जनवरी 2024 को तीन साल की बच्ची नैंसी की मौत हो गई थी। वह पंडालुर के पास बिथेरकाड फॉरेस्ट रेंज में एक चाय बागान में अपनी मां के साथ घर लौट रही थी, तभी तेंदुए ने हमला कर दिया था। इससे पहले 21 दिसंबर 2023 को एलामन्ना में सरिता पर हमला हुआ था, जिसमें वह घायल हो गई थी और 29 दिसंबर को उसकी मौत हो गई थी। इसके बाद वन विभाग ने पंडालुर हमलों से जुड़े एक तेंदुए को पकड़कर चेन्नई के पास अरिगनार अन्ना जूलॉजिकल पार्क के रेस्क्यू सेंटर में भेज दिया था।

कोयंबटूर जिले के वालपराई में भी ऐसी घटनाएं हुई हैं। अक्टूबर 2024 में एक चाय बागान में अप्सरा नाम की बच्ची की मौत हो गई थी। जून 2025 में चार साल की रोशनी कुमारी को पचमलाई एस्टेट में घर के पास तेंदुआ उठा ले गया था, उसका शव अगली सुबह तलाशी के बाद मिला था। दिसंबर 2025 में वालपराई के पास इयेरपाड़ी टी एस्टेट में पांच साल का सैफुल आलम मजदूर क्वार्टर के बाहर खेलते समय तेंदुए के हमले में मारा गया था।

जुलाई 2025 में इरोड जिले के हसनूर में सत्यमंगलम टाइगर रिजर्व के पास तेंदुए ने दो बछड़ों को मार दिया था और एक को घायल कर दिया था।

ग्रामीणों की मांग है कि वन विभाग इस तेंदुए की मौजूदगी को गंभीरता से ले ताकि न तो लोगों को और न ही तेंदुए को कोई नुकसान पहुंचे।

--आईएएनएस,

वीकेयू/पीएम

Share this story

Tags