बंगाल: चुनाव से पहले कोलकाता पुलिस का सख्त कदम, रात में गश्त के आदेश
कोलकाता, 9 अप्रैल (आईएएनएस)। पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव से पहले कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए कोलकाता पुलिस ने सख्ती बढ़ा दी है। कोलकाता पुलिस आयुक्त अजय नंद ने वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को रात 10 बजे से 2 बजे तक सड़कों पर गश्त करने के निर्देश दिए हैं।
गुरुवार को आयोजित बैठक में पुलिस आयुक्त ने अधिकारियों से कहा कि वे रात के समय क्षेत्रों में सक्रिय रूप से मौजूद रहें और निरीक्षण करें। उन्होंने चुनाव से जुड़े सभी मामलों में कड़ी निगरानी सुनिश्चित करने को कहा, ताकि घटनाओं की गंभीरता समझकर तुरंत आवश्यक निर्देश दिए जा सकें।
बैठक में शहर के ज्वाइंट पुलिस कमिश्नर और डिप्टी कमिश्नर स्तर के अधिकारी भी मौजूद थे। उन्हें भी रात में गश्त और नाका चेकिंग के दौरान उपस्थित रहकर पूरे अभियान की निगरानी करने के निर्देश दिए गए हैं।
वरिष्ठ अधिकारियों को केंद्रीय बलों के साथ समन्वय बनाकर काम करने को कहा गया है। विधानसभा चुनाव से पहले संवेदनशील इलाकों की जांच और निगरानी पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
पश्चिम बंगाल की 294 विधानसभा सीटों पर 23 और 29 अप्रैल को दो चरणों में मतदान होगा। कोलकाता की 11 सीटों पर 29 अप्रैल को वोट डाले जाएंगे, जबकि मतगणना 4 मई को होगी।
फिलहाल राज्य की पुलिस व्यवस्था चुनाव आयोग के नियंत्रण में है।
इस बीच, भवानीपुर में भाजपा नेता सुवेंदु अधिकारी के नामांकन के दौरान हुई अशांति के बाद चुनाव आयोग ने पुलिस आयुक्त से कानून-व्यवस्था संभालने की क्षमता पर सवाल भी किया था। इसके बाद अजय नंद ने लालबाजार मुख्यालय में अधिकारियों के साथ सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विशेष बैठक की।
गौरतलब है कि चुनाव से पहले चुनाव आयोग ने सुप्रतिम सरकार को कोलकाता पुलिस आयुक्त पद से हटाकर अजय नंद की नियुक्ति की थी।
वहीं, मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भी गुरुवार को पुलिस की भूमिका पर नाराजगी जताई। आरोप है कि उनके नामांकन मार्च के दौरान उन्हें पर्याप्त सुरक्षा नहीं मिली।
इन हालात में कोलकाता पुलिस ने जनता से शांति बनाए रखने की अपील की है और आश्वासन दिया है कि मतदान भयमुक्त और निष्पक्ष माहौल में कराया जाएगा। किसी भी तरह की गड़बड़ी या बूथ जाम करने की कोशिश पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस ने लोगों से बिना डर के मतदान करने की अपील की है और कहा है कि यदि किसी को वोट डालने से रोका जाता है, तो तुरंत नजदीकी थाने में शिकायत करें।
--आईएएनएस
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