जेन-जी विद्रोह के बाद नेपाल में संसदीय चुनाव, मतदाताओं से निर्भय होकर मतदान करने की अपील
काठमांडू, 4 मार्च (आईएएनएस)। नेपाल में गुरुवार को संसदीय चुनाव होने जा रहे हैं। इस बीच कार्यवाहक मुख्य निर्वाचन आयुक्त राम प्रसाद भंडारी ने देशभर के मतदाताओं से बिना किसी डर के अपने मताधिकार का प्रयोग करने की अपील की है।
देश में हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स के 275 सदस्यों को चुनने के लिए वोटिंग हो रही है, जो फेडरल पार्लियामेंट का निचला सदन है। कुल सीटों में से 165 फर्स्ट-पास्ट-द-पोस्ट (एफपीटीपी) प्रणाली के तहत चुने जाएंगे, जबकि 110 सीटें प्रोपोर्शनल रिप्रेजेंटेशन सिस्टम के जरिए भरी जाएंगी।
ये चुनाव पिछले साल 8-9 सितंबर को हुए जेन-जी विद्रोह के बाद हो रहे हैं, जिसमें सरकारी अनुमानों के मुताबिक 77 लोगों की जान चली गई थी, जबकि 84 अरब नेपाली रुपए से ज्यादा की निजी और सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान हुआ था।
जेन-जी आंदोलन के बाद हिमालयी देश किस दिशा में जाएगा, इस बारे में शुरू में अनिश्चितता थी। हालांकि, प्रधानमंत्री सुशीला कार्की के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार ने देश को चुनाव की ओर अग्रसर किया और अब नेपाल गुरुवार को होने वाले मतदान के साथ फिर से लोकतांत्रिक रास्ते पर लौटता दिखाई दे रहा है।
राम प्रसाद भंडारी ने अपने संदेश में कहा कि चुनाव के संचालन और प्रबंधन के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। उन्होंने मतदाताओं से अपने मताधिकार का उपयोग करने का आग्रह किया।
निर्वाचन आयोग के अनुसार, मतदान गुरुवार को सुबह सात बजे से शाम पांच बजे तक देशभर में होगा।
उन्होंने कहा, “चुनाव प्रतिनिधिक शासन प्रणाली की नींव हैं और लोगों को अपनी पसंद के प्रतिनिधियों के माध्यम से शासित होने का अधिकार प्रदान करते हैं। इसलिए मैं सभी मतदाताओं से आग्रह करता हूं कि वे अपने-अपने मतदान केंद्रों पर पहुंचकर आत्मविश्वास के साथ मतदान करें।”
उन्होंने आगे कहा कि कमीशन साफ-सुथरे, स्वतंत्र, निष्पक्ष और भयमुक्त वातावरण में चुनाव कराने के लिए पूरी तरह तैयार है।
एक अलग बयान में निर्वाचन निकाय ने बताया कि मतपत्र और मतपेटियों सहित सभी आवश्यक चुनाव सामग्री देशभर के मतदान केंद्रों तक पहुंचा दी गई है।
मतदान केंद्रों के निर्माण और प्रबंधन, दिव्यांगजनों और महिलाओं के लिए अनुकूल सुविधाओं की व्यवस्था तथा चुनाव कर्मियों की तैनाती जैसी तैयारियां भी पूरी कर ली गई हैं।
निर्वाचन आयोग के अनुसार, 1 करोड़ 89 लाख से अधिक पंजीकृत मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करने के पात्र हैं।
इनमें 96 लाख 60 हजार पुरुष और 92 लाख 40 हजार महिलाएं शामिल हैं।
आयोग ने बताया कि एफपीटीपी प्रणाली के तहत 3,406 उम्मीदवार चुनाव मैदान में हैं, जबकि समानुपातिक प्रतिनिधित्व प्रणाली के तहत 3,135 उम्मीदवारों की सूची जारी की गई है।
--आईएएनएस
एवाई/डीकेपी

