Samachar Nama
×

चुनाव प्रचार में जेल नहीं, जनता से जुड़े मुद्दों पर बात होनी चाहिए, हिमंता बिस्वा सरमा का गौरव गोगोई पर तंज

चुनाव प्रचार में जेल नहीं, जनता से जुड़े मुद्दों पर बात होनी चाहिए, हिमंता बिस्वा सरमा का गौरव गोगोई पर तंज
चुनाव प्रचार में जेल नहीं, जनता से जुड़े मुद्दों पर बात होनी चाहिए, हिमंता बिस्वा सरमा का गौरव गोगोई पर तंज

गुवाहाटी, 2 अक्टूबर (आईएएनएस)। असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने शुक्रवार को कांग्रेस नेता गौरव गोगोई पर एक बार फिर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि चुनाव प्रचार में जेल की बात करने के बजाय लोगों के जीवन से जुड़े मुद्दों पर चर्चा होनी चाहिए।

गौरव गोगोई के हालिया बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए सरमा ने कहा कि चुनाव राजनीतिक दलों के लिए सड़क, शिक्षा, विकास और सरकारी कल्याणकारी योजनाओं जैसे मुद्दों पर चर्चा करने का मौका होता है।

मुख्यमंत्री ने कहा, ''जब चुनाव आते हैं तो वोट के बारे में सोचना चाहिए, जेल के बारे में नहीं।'' उन्होंने कहा कि राजनीतिक नेताओं को सड़क, स्कूल, कॉलेज और ओरुनोदोई जैसी कल्याणकारी योजनाओं पर बात करनी चाहिए। सीएम सरमा ने कहा, ''जब चुनाव आते हैं तो सड़क, स्कूल, कॉलेज और ओरुनोदोई की बात करनी चाहिए।''

सीएम सरमा ने जेल की राजनीति और आम मतदाताओं की चिंताओं के बीच अंतर बताते हुए कहा कि जेल में बंद कैदी वोट नहीं देते। आम जनता वोट देती है।

यह बयान 6 अक्टूबर को होने वाले नगांव लोकसभा उपचुनाव से पहले भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। उपचुनाव को लेकर राजनीतिक दलों ने अपना प्रचार तेज कर दिया है और एक-दूसरे पर हमले भी बढ़ गए हैं।

गौरव गोगोई असम में कांग्रेस के प्रमुख चेहरों में शामिल हैं, जबकि हिमंता बिस्वा सरमा राज्य में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रमुख प्रचारकों में से एक हैं।

2026 के असम विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान भी सरमा और गोगोई के बीच शासन, कल्याणकारी योजनाओं और राजनीतिक विवादों सहित कई मुद्दों पर तीखी बयानबाजी देखने को मिली थी।

ताजा बयान असम में जारी व्यापक राजनीतिक मुकाबले को भी दिखाता है, जहां अलग-अलग दल विकास, शासन और राजनीतिक जवाबदेही से जुड़े अपने-अपने मुद्दों को चुनावी बहस के केंद्र में लाने की कोशिश कर रहे हैं।

नगांव लोकसभा उपचुनाव के लिए मतदान 6 अक्टूबर को होना है, जबकि मतगणना 9 अक्टूबर को होगी। ऐसे में चुनाव प्रचार अब अपने अंतिम चरण में पहुंच गया है।

मतदान की तारीख नजदीक आने के साथ सरमा और गोगोई के बीच राजनीतिक बयानबाजी चुनावी चर्चा का प्रमुख हिस्सा बने रहने की संभावना है।

--आईएएनएस

एएमटी/वीसी

Share this story