सीजेपी का आरोप: राजस्थान पुलिस प्रदर्शन में शामिल छात्रों को कर रही परेशान, नए आंदोलन की चेतावनी
जयपुर, 28 जुलाई (आईएएनएस)। कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) ने सोमवार को राजस्थान पुलिस पर नीट पेपर लीक के खिलाफ विरोध प्रदर्शन में शामिल छात्रों को परेशान करने का आरोप लगाया। पार्टी का दावा है कि केस वापस लेने के समझौते के बावजूद पुलिसकर्मी अभी भी छात्रों के घर जा रहे हैं और उन्हें फोन पर बुला रहे हैं।
संगठन ने चेतावनी दी कि अगर यह कथित उत्पीड़न नहीं रुका, तो वे फिर से आंदोलन शुरू करेंगे।
एक वीडियो बयान में, सीजेपी के प्रवक्ता आशुतोष रांका ने कहा कि राजस्थान में संगठन की कोर टीम के सदस्यों को पुलिस निशाना बना रही है।
रांका ने कहा, "पुलिस राजस्थान में हमारी कोर टीम के कुछ सदस्यों के घर बार-बार जा रही है और फोन कॉल के जरिए उन्हें परेशान कर रही है। हम केंद्र सरकार से यह भी उम्मीद करते हैं कि जो लिखित समझौता हुआ था, उसे जल्द ही सार्वजनिक किया जाए।"
रांका ने केंद्र और राजस्थान सरकार दोनों से आग्रह किया कि वे प्रदर्शनकारी छात्रों के खिलाफ केस वापस लेने के संबंध में 25 जुलाई को हुए समझौते का सम्मान करें।
उन्होंने दावा किया कि अन्य राज्यों की सरकारों ने इसी तरह के आश्वासनों पर पहले ही कार्रवाई की है। उन्होंने कहा, "बिहार सरकार ने छात्रों के खिलाफ दर्ज सभी केस वापस ले लिए हैं, जबकि पश्चिम बंगाल में भी सभी एफआईआर वापस ले ली गई हैं। केंद्र और राज्य सरकारों को छात्रों को निशाना बनाना बंद करना चाहिए और 25 जुलाई को हुए समझौते का सम्मान करना चाहिए।"
सीजेपी ने चेतावनी दी कि अगर समझौते के बावजूद पुलिस छात्रों के घर जाती रही और उनसे संपर्क करती रही, तो संगठन फिर से विरोध प्रदर्शन करने के लिए मजबूर होगा।
नीट पेपर लीक के खिलाफ विरोध प्रदर्शनों में राजस्थान और पूरे भारत के छात्रों ने हिस्सा लिया था। कई छात्र प्रदर्शनों में शामिल होने के लिए नई दिल्ली के जंतर-मंतर पहुंचे जबकि जयपुर और अन्य शहरों में भी विरोध प्रदर्शन और धरने आयोजित किए गए।
सीजेपी समर्थकों ने जयपुर में कई दिनों तक जवाहर सर्कल पर प्रदर्शन किया। राजस्थान पुलिस ने अभी तक सीजेपी के आरोपों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है।
--आईएएनएस
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