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बलूच कार्यकर्ता का आरोप, मुख्यमंत्री बुगती ‘पाकिस्तानी सैनिकों के दलाल’

वॉशिंगटन, 20 अप्रैल (आईएएनएस)। बलोच अमेरिकी कांग्रेस के अध्यक्ष तारा चंद ने बलूचिस्तान के मुख्यमंत्री सरफराज बुगती पर तीखा हमला करते हुए उन्हें “पाकिस्तानी सैनिकों का दलाल” करार दिया है।
बलूच कार्यकर्ता का आरोप, मुख्यमंत्री बुगती ‘पाकिस्तानी सैनिकों के दलाल’

वॉशिंगटन, 20 अप्रैल (आईएएनएस)। बलोच अमेरिकी कांग्रेस के अध्यक्ष तारा चंद ने बलूचिस्तान के मुख्यमंत्री सरफराज बुगती पर तीखा हमला करते हुए उन्हें “पाकिस्तानी सैनिकों का दलाल” करार दिया है।

तारा चंद ने बलूच यकजहती कमेटी (बीवाईसी) के नेताओं महरंग बलोच, गुलजादी बलोच और बेबोव बलोच की गिरफ्तारी की भी आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि इन नेताओं को बिना किसी ठोस कारण के महीनों से जेल में रखा गया है।

चंद ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि निर्दोष बलोच महिलाओं को गिरफ्तार कर लंबे समय तक जेल में रखना शर्मनाक है। उन्होंने कहा कि खुद को बलोच कहने वाले नेता ही बलूचिस्तान की बेटियों को बिना वजह कैद कर रहे हैं, जो यह दर्शाता है कि वे केवल सैनिकों के “कठपुतली” हैं।

उन्होंने बलूचिस्तान सरकार में शामिल मंत्रियों और सत्ताधारी नेताओं की भी निंदा करते हुए कहा कि वे प्रांतीय विधानसभा में पाकिस्तानी सैनिकों के “एजेंट” के रूप में काम कर रहे हैं। चंद ने कहा कि ऐसे नेताओं को खुद को बलोच कहने के बजाय अपने कार्यों पर शर्म करनी चाहिए और बलोच जनता को अब जवाबदेही तय करनी होगी।

पिछले महीने बलोच नेशनल मूवमेंट (बीएनएम) के अध्यक्ष नसीम बलोच ने भी अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अपील की थी कि वे बीवाईसी नेताओं की कथित “गैरकानूनी हिरासत” पर चुप्पी तोड़ें। उन्होंने कहा था कि एक साल से अधिक समय से हिरासत में रखे गए इन नेताओं के साथ अन्याय हो रहा है और यह अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकारों व कानूनी प्रक्रिया का उल्लंघन है।

नसीम बलोच ने कहा कि इन नेताओं का “गुनाह” केवल इतना है कि उन्होंने बलूचिस्तान में जबरन गायब किए जाने और दमन के खिलाफ आवाज उठाई। उन्होंने वैश्विक समुदाय से इस मुद्दे पर हस्तक्षेप करने की मांग की।

हाल ही में कई मानवाधिकार संगठनों ने भी बीवाईसी नेताओं की तुरंत रिहाई की मांग की है। उन्होंने कहा कि उनके खिलाफ लगाए गए सभी “झूठे और राजनीतिक रूप से प्रेरित आरोप” वापस लिए जाएं और निष्पक्ष व स्वतंत्र सुनवाई सुनिश्चित की जाए।

--आईएएनएस

डीएससी

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