वोटर लिस्ट में नाम जुड़वाने का सुनहरा मौका: 6 राज्यों-UTs में स्पेशल समरी रिविजन की घोषणा, देखें पूरा शेड्यूल
देश में मतदाता सूची को अपडेट करने की प्रक्रिया को लेकर चुनाव आयोग ने बड़ा ऐलान किया है। आयोग ने छह राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में वोटर लिस्ट के स्पेशल समरी रिवीजन (SSR) की घोषणा की है। इस सूची में अरुणाचल प्रदेश, चंडीगढ़, दादरा और नगर हवेली एवं दमन और दीव, मिजोरम, ओडिशा और सिक्किम शामिल हैं।इस अभियान का मुख्य उद्देश्य मतदाता सूची को अधिक सटीक और अपडेटेड बनाना है, ताकि कोई भी योग्य नागरिक मतदान के अधिकार से वंचित न रहे। खासतौर पर उन युवाओं पर ध्यान दिया जाएगा, जो पहली बार वोट डालने के योग्य हो रहे हैं। चुनाव आयोग के कार्यक्रम के मुताबिक, ड्राफ्ट मतदाता सूची 30 नवंबर को जारी की जाएगी, जबकि अंतिम वोटर लिस्ट 21 जनवरी 2027 को प्रकाशित होगी।
18 साल के होने वाले युवाओं को भी मिलेगा आवेदन का मौका
स्पेशल समरी रिवीजन के तहत ऐसे युवाओं को एडवांस आवेदन करने की सुविधा भी दी जाएगी, जो आने वाले समय में 18 साल की उम्र पूरी करने वाले हैं। इसमें वे लोग शामिल होंगे, जो 1 अप्रैल, 1 जुलाई और 1 अक्टूबर 2027 को मतदान के योग्य हो जाएंगे।इस व्यवस्था का फायदा यह होगा कि युवाओं को मतदाता सूची में नाम जुड़वाने के लिए पात्रता की तारीख आने तक इंतजार नहीं करना पड़ेगा। वे पहले से आवेदन कर सकेंगे, जिससे योग्य होने पर उनका नाम वोटर लिस्ट में शामिल करने की प्रक्रिया आसान हो सकती है।
क्या होता है स्पेशल समरी रिवीजन (SSR)?
स्पेशल समरी रिवीजन यानी SSR चुनाव आयोग की ओर से मतदाता सूची को अपडेट करने के लिए चलाई जाने वाली नियमित प्रक्रिया है। इसके तहत पहले से मौजूद वोटर लिस्ट की समीक्षा की जाती है और जरूरी बदलाव किए जाते हैं।इस प्रक्रिया में नए पात्र मतदाताओं के नाम जोड़े जाते हैं। इसके अलावा जिन मतदाताओं के नाम, पते या अन्य जानकारियों में गलती होती है, उन्हें ठीक करने का मौका दिया जाता है। यदि किसी मतदाता की मृत्यु हो चुकी है या वह दूसरी जगह स्थानांतरित हो गया है, तो नियमानुसार संबंधित रिकॉर्ड में बदलाव किया जा सकता है।इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि मतदाता सूची में सही और पात्र लोगों के नाम दर्ज रहें।
SSR और SIR में क्या है अंतर?
SSR और स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) दोनों का उद्देश्य मतदाता सूची को बेहतर बनाना है, लेकिन इनकी प्रक्रिया अलग-अलग होती है।
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SSR: इसमें मौजूदा मतदाता सूची को आधार बनाकर नाम जोड़ने, हटाने और गलतियों को सुधारने का काम किया जाता है।
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SIR: इसमें मतदाताओं की जानकारी का गहन सत्यापन किया जाता है। इस प्रक्रिया में बूथ लेवल अधिकारी (BLO) घर-घर जाकर मतदाताओं का सत्यापन कर सकते हैं।
यानी SSR में मुख्य रूप से मौजूदा सूची को अपडेट किया जाता है, जबकि SIR में मतदाता सूची की अधिक व्यापक जांच की जाती है।
15 अक्टूबर को 17 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में भी हुआ था ऐलान
चुनाव आयोग इससे पहले 15 अक्टूबर को 17 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में स्पेशल समरी रिवीजन का निर्देश जारी कर चुका है। इनमें मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, पंजाब, गोवा और उत्तराखंड जैसे राज्य शामिल हैं। इन राज्यों में 2027 में विधानसभा चुनाव होने हैं।
पहले घोषित कार्यक्रम के अनुसार, इन राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में ड्राफ्ट वोटर लिस्ट 12 नवंबर को जारी होनी है, जबकि अंतिम मतदाता सूची 4 जनवरी 2027 को प्रकाशित की जाएगी।
राज्यों को पर्याप्त कर्मचारी और संसाधन जुटाने के निर्देश
चुनाव आयोग ने संबंधित राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों के मुख्य सचिवों को निर्देश दिया है कि मतदाता सूची में संशोधन के लिए जरूरी कर्मचारियों और संसाधनों की व्यवस्था की जाए। आयोग चाहता है कि पूरी प्रक्रिया तय समयसीमा के भीतर पूरी हो और किसी भी स्तर पर काम प्रभावित न हो।
इसके लिए संबंधित अधिकारियों को मतदाता सूची के अपडेट से जुड़ी तैयारियां समय पर पूरी करने को कहा गया है। BLO और अन्य चुनावी कर्मचारियों की भूमिका भी इस प्रक्रिया में अहम होगी।
वोटर लिस्ट में नाम कैसे चेक करें?
मतदाता अपनी जानकारी चुनाव आयोग की आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से देख सकते हैं। इसके लिए भारत निर्वाचन आयोग के वोटर सर्विस पोर्टल पर जाकर नाम और अन्य उपलब्ध विवरण के आधार पर मतदाता सूची में अपनी जानकारी खोजी जा सकती है।
आधिकारिक पोर्टल: https://voters.eci.gov.in/
अगर किसी योग्य नागरिक का नाम वोटर लिस्ट में नहीं है या जानकारी में गलती है, तो वह निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार आवेदन कर सकता है।कुल मिलाकर, छह राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में SSR की घोषणा के बाद मतदाता सूची को अपडेट करने की प्रक्रिया तेज होगी। इसका सबसे बड़ा फायदा पहली बार वोट डालने की तैयारी कर रहे युवाओं और उन नागरिकों को मिल सकता है, जिन्हें अपनी वोटर लिस्ट की जानकारी में बदलाव करवाना है।

