नेपाल में बाढ़ का विकराल रूप: 105 भारतीयों से टूटा संपर्क, जानिए और किन देशों के नागरिक हुए लापता!
नेपाल की तिब्बत से लगी सीमा के पास रसुवा इलाके में अचानक आई भीषण बाढ़ ने भारी तबाही मचाई है। बाढ़ का पानी कई गांवों, पुलों और बिजली परियोजनाओं को बहा ले गया। यह बाढ़ तिब्बत से नेपाल की ओर बहने वाली भोटेकोशी नदी में आई, जिसके बाद नेपाल के कई जिलों को हाई अलर्ट पर रखा गया है।
नेपाल पर्यटन बोर्ड के मुताबिक बाढ़ के बाद 105 भारतीयों समेत 291 विदेशी नागरिक लापता बताए जा रहे हैं। इनके अलावा 93 नेपाली नागरिकों के भी लापता होने की जानकारी सामने आई है।
अलग-अलग देशों के नागरिक लापता
नेपाल पर्यटन बोर्ड के अनुसार, बाढ़ बुधवार सुबह करीब 8:30 बजे अचानक आई। बोर्ड ने टूरिस्ट पुलिस, ट्रैवल एजेंसियों और स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर प्रभावित इलाकों में लापता लोगों की तलाश शुरू कर दी है।
ट्रैवल कंपनियों से मिली शुरुआती जानकारी के मुताबिक:
- स्मार्ट टूर्स एंड ट्रैवल से जुड़े 59 भारतीय पर्यटक लापता हैं।
- काठमांडू हॉलिडे टूर एंड ट्रैवल से एक ऑस्ट्रेलियाई और एक नीदरलैंड का पर्यटक लापता है।
- लीफ हॉलिडे के साथ गए 46 भारतीय पर्यटकों का पता नहीं चल पाया है।
- कैलाश जर्नी के 26 लोग लापता बताए गए हैं, जिनकी नागरिकता की पुष्टि नहीं हुई है।
- ट्रेकर्स सोसाइटी से जुड़े 77 पर्यटकों की नागरिकता भी अभी स्पष्ट नहीं है।
- रिचा टूर्स एंड ट्रैवल से जुड़े 8 लोग लापता हैं।
- फिशटेल टूर्स एंड ट्रैवल्स के 3 अमेरिकी और 17 मलेशियाई पर्यटक लापता हैं।
- हिमालयन ग्लेशियर से जुड़े 37 एनआरआई लापता बताए गए हैं।
- अल्पाइन इको ट्रेक के 12 ब्रिटिश और 4 दक्षिण अफ्रीकी पर्यटकों का भी पता नहीं चला है।
इन पर्यटकों के साथ यात्रा कर रहे 93 नेपाली नागरिकों के भी लापता होने की जानकारी है।
नेपाल पर्यटन बोर्ड ने कहा है कि ये शुरुआती आंकड़े ट्रैवल एजेंसियों से मिली जानकारी पर आधारित हैं और इनकी पुष्टि ट्रैवल एजेंसियों, गाइड, सुरक्षा अधिकारियों तथा स्थानीय प्रशासन के जरिए की जा रही है।
आपात स्थिति में इन नंबरों पर करें संपर्क
नेपाल पर्यटन बोर्ड ने आपातकालीन सहायता के लिए हॉटलाइन नंबर 1144 जारी किया है। इसके अलावा टूरिस्ट पुलिस से 9851289445 पर संपर्क किया जा सकता है।

