फर्जी कॉल सेंटर पर ईडी का शिकंजा, चंडीगढ़-मोहाली समेत 8 जगहों पर छापेमारी, 70 लाख जब्त
नई दिल्ली, 24 अगस्त (आईएएनएस)। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने विदेशी नागरिकों को ठगने वाले फर्जी कॉल सेंटर रैकेट पर बड़ी कार्रवाई की है। ईडी के चंडीगढ़ जोनल ऑफिस ने 21 अगस्त को प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (पीएमएलए) 2002 के तहत चंडीगढ़, मोहाली और मध्य प्रदेश में आठ जगहों पर तलाशी अभियान चलाया।
यह कार्रवाई विजय राज कपूरिया, वरिंदर राज, मेसर्स इन्फिमम एंटरप्राइजेज एलएलपी और उनसे जुड़े अन्य लोगों और संस्थाओं के ठिकानों पर की गई। ईडी ने यह जांच सोहाना पुलिस स्टेशन, एसएएस नगर पंजाब में आईपीसी और आईटी एक्ट 2000 की विभिन्न धाराओं के तहत दर्ज एफआईआर के आधार पर शुरू की थी। यह एफआईआर मोहाली के सेक्टर 108 में स्थित एमार के प्लॉट नंबर 29 से कथित तौर पर धोखाधड़ी वाले कॉल सेंटर चलाने से जुड़ी है। पंजाब पुलिस इस मामले में आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट भी दाखिल कर चुकी है।
ईडी की जांच में खुलासा हुआ कि आरोपियों ने विदेश में मौजूद अपने साथियों के साथ मिलकर अमेरिका और कनाडा के ग्राहकों को निशाना बनाया। ठगी का तरीका बेहद शातिर था। ग्राहकों को प्रिंटर, आईपैड और ऐपल/माइक्रोसॉफ्ट के कथित टेक्निकल सपोर्ट से जुड़े फर्जी पॉप-अप और कॉल भेजे जाते थे। इन पॉप-अप में सिस्टम में तकनीकी खराबी का झूठा मैसेज दिखाया जाता था और साथ में कॉल सेंटर का टोल-फ्री नंबर दिया जाता था।
ग्राहक जैसे ही उस नंबर पर कॉल करते थे, पहले से तैयार स्क्रिप्ट के जरिए ऑपरेटर उन्हें अपने सिस्टम का रिमोट एक्सेस देने के लिए मनाते थे और फिर गैर-जरूरी या नकली सेवाओं के लिए भुगतान करने को कहते थे। पीड़ितों से वसूले गए पैसे पेपाल, स्ट्रिप, बैंकिंग चैनलों, बिटकॉइन और क्रिप्टोकरेंसी के साथ-साथ हवाला के जरिए लिए और ट्रांसफर किए जाते थे।
जांच में यह भी सामने आया कि इन पैसों को मुख्य रूप से अमेरिका में स्थित विभिन्न विदेशी संस्थाओं जैसे आरएचएल ऑपरेटिंग सॉल्यूशंस और आरजी सिक्योरिटी सॉल्यूशंस एलएलसी के खातों के जरिए घुमाया जाता था। पीएमएलए के तहत जांच में पता चला कि मेसर्स इन्फिमम एंटरप्राइजेज एलएलपी के बैंक खाते में कई विदेशी संस्थाओं से पैसा आया था, जिनकी पहचान संदिग्ध डमी और शेल कंपनियों के तौर पर की गई है।
तलाशी अभियान के दौरान ईडी ने लगभग 20 लाख रुपए नकद जब्त किया, जिसका कोई हिसाब-किताब नहीं था। इसके अलावा आपत्तिजनक दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस भी जब्त किए गए हैं। साथ ही लगभग 50 लाख रुपए का बैंक बैलेंस भी फ्रीज किया गया है। ईडी ने कहा कि मामले में आगे की जांच जारी है।
--आईएएनएस
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