दिग्विजय सिंह को पहले कांग्रेस, उसके बाद भाजपा और संघ के बारे में सोचना चाहिए : मुरलीधर मोहोल
पुणे, 21 जनवरी (आईएएनएस)। मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री एवं कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने भाजपा और आरएसएस (राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ) पर धर्म की राजनीति करने का आरोप लगाया। इस बीच केंद्रीय राज्यमंत्री मुरलीधर मोहोल ने बुधवार को दिग्विजय सिंह पर पलटवार किया।
केंद्रीय राज्यमंत्री मुरलीधर मोहोल ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा, "दिग्विजय सिंह की बातों को कौन गंभीरता से ले रहा है? वे अपनी बात करते रहते हैं। हमने पहले भी देखा है कि उनके मन में आरएसएस को लेकर कैसी द्वेष भावना है। वे ये सब बोलते हैं, लेकिन उन्हें ध्यान देना चाहिए कि अभी वे कहां पर हैं? उन्हें जनसमर्थन भी नहीं मिल रहा है। पूरे देश में कांग्रेस खत्म हो रही है। ऐसे में उन्हें पहले अपने बारे में सोचना चाहिए, उसके बाद भाजपा और संघ के बारे में सोचना चाहिए।"
इससे पहले दिग्विजय सिंह ने भाजपा और आरएसएस पर धर्म की राजनीति करके लोगों को डराने का गंभीर आरोप लगाया था। उन्होंने कहा था कि भाजपा हिंदू नहीं बल्कि हिंदुत्व की राजनीति करती है। वे हिंदुओं और ओवैसी मुसलमानों को डराकर समाज को बांट रहे हैं। उन्होंने भाजपा पर लोगों को भ्रमित करने का आरोप लगाया था।
दिग्विजय सिंह ने इस वर्ष बसंत पंचमी और जुमे की नमाज एक ही दिन पड़ने पर भी अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने प्रशासन से बसंत पंचमी और जुमे की नमाज के लिए अलग-अलग समय निर्धारित करने का अनुरोध किया, जिसको लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज है।
दूसरी तरफ भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता अजय आलोक ने कहा कि दिग्विजय सिंह का राजनीतिक समय अब समाप्त हो चुका है। कांग्रेस वैसे भी उन्हें राज्यसभा नहीं भेजने वाली है। इस तरह के बयान देकर कुछ हासिल नहीं होने वाला है। उन्होंने कहा कि 78 वर्ष की उम्र में भी वे बेवजह भागदौड़ कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि आरएसएस देश की रीढ़ है और हिंदुत्व इस देश की पहचान है और भारत में कोई भी हिंदुओं से लड़ नहीं सकता।
--आईएएनएस
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