दिल्ली सरकार ने कमर्शियल एलपीजी आपूर्ति का आवंटन 70 प्रतिशत तक बढ़ाया: सिरसा
नई दिल्ली, 27 मार्च (आईएएनएस)। केंद्र सरकार के निर्देशों के बाद, दिल्ली सरकार ने कमर्शियल एलपीजी आवंटन में संशोधन करते हुए कल के 50 प्रतिशत फैसले के अतिरिक्त 20 प्रतिशत की बढ़ोतरी की है। इससे अब कुल आपूर्ति पहले के स्तर के 70 प्रतिशत तक पहुंच गई है (प्रतिदिन 19 किलो के 6,300 सिलेंडर, जबकि सामान्यतः 9,000 सिलेंडर की खपत होती है)।
होटल, रेस्टोरेंट, ढाबा, फूड प्रोसेसिंग, डेयरी और मजदूरों व छात्रों के लिए 5 किलो सिलेंडर की पर्याप्त व्यवस्था करने के बाद, श्रम-आधारित उद्योगों जैसे स्टील, ऑटोमोबाइल, टेक्सटाइल (ड्राई क्लीनिंग सहित), केमिकल, प्लास्टिक, स्पोर्ट्स फैसिलिटी, ग्लास और फार्मा यूनिट्स के लिए आपूर्ति बढ़ाकर 1,800 सिलेंडर कर दी गई है। खासतौर पर उन उद्योगों को प्राथमिकता दी गई है जहां पीएनजी का विकल्प उपलब्ध नहीं है।
संशोधित आवंटन में अलग-अलग सेक्टर को इस प्रकार हिस्सा दिया गया है: होटल, रेस्टोरेंट, ढाबा, फूड प्रोसेसिंग और डेयरी (3,375 सिलेंडर); उद्योग (1,800); आवश्यक सेवाएं जैसे शिक्षा, स्वास्थ्य, रेलवे, एयरपोर्ट और बस सेवा (225); कैटरर/बैंक्वेट (225); सरकारी संस्थान, ट्रस्ट, पीएसयू और कम्युनिटी किचन (225); स्पोर्ट्स फैसिलिटी/स्टेडियम (270); तथा प्रवासी मजदूरों के लिए 5 किलो सिलेंडर (180)।
खाद्य एवं आपूर्ति मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने कहा, “दिल्ली के उद्योग और खाने-पीने से जुड़े व्यवसाय अब बिना किसी रुकावट के काम कर सकते हैं। 70 प्रतिशत आपूर्ति तक पहुंचना केंद्र और राज्य सरकार के बेहतर समन्वय का परिणाम है।”
लगातार निगरानी में यह पाया गया है कि कहीं भी जमाखोरी या पैनिक की स्थिति नहीं है। ऑयल मार्केटिंग कंपनियों के आंकड़ों के अनुसार बुकिंग सामान्य तरीके से हो रही है।
यह फैसला पिछले 50 प्रतिशत आपूर्ति बढ़ाने के बाद लिया गया है, जिसमें आवश्यक सेवाओं को पूरी आपूर्ति दी गई थी और प्राथमिकता के आधार पर बुकिंग की व्यवस्था लागू की गई थी। उन्होंने कहा, “दिल्ली सरकार निष्पक्ष वितरण के लिए प्रतिबद्ध है। उपभोक्ताओं से अपील है कि समय पर बुकिंग करें और जहां संभव हो, पीएनजी के लिए आवेदन करें।”
उन्होंने कहा, “हम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता का आभार करते हैं जिनके नेतृत्व में स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। एलपीजी की उपलब्धता से जुड़ी अफवाहें पूरी तरह बेबुनियाद हैं।”
--आईएएनएस
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