आंध्र प्रदेश में तबाही मचाने के बाद तेलंगाना की ओर बढ़ा चक्रवाती तूफान मुरासु: वीडियो में जाने 120KM की रफ्तार से चली हवाएं, हजारों पेड़ उखड़े; 30 उड़ानें रद्द
चक्रवाती तूफान मुरासु ने आंध्र प्रदेश में भारी तबाही मचाने के बाद अब तेलंगाना की ओर रुख कर लिया है। सोमवार देर रात करीब 1 बजे आंध्र प्रदेश के तट से टकराने के बाद मंगलवार सुबह 5:30 बजे तूफान तेलंगाना की दिशा में बढ़ गया। इसके प्रभाव से आंध्र प्रदेश के कई जिलों में भारी बारिश हुई और तेज हवाओं ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया। मौसम विभाग ने मंगलवार शाम तक कई इलाकों में भारी बारिश और तेज हवाएं चलने का अलर्ट जारी किया है। इस दौरान हवा की रफ्तार 120 किलोमीटर प्रति घंटे तक दर्ज की गई।
हजारों पेड़ उखड़े, बिजली के खंभे क्षतिग्रस्त
तूफान के प्रभाव से विजयवाड़ा समेत आंध्र प्रदेश के कई जिलों में भारी बारिश हुई। तेज हवाओं के कारण हजारों पेड़ उखड़कर सड़कों पर गिर गए। इसके अलावा सैकड़ों बिजली के खंभे क्षतिग्रस्त हो गए। कई स्थानों पर नावों को भी नुकसान पहुंचा है। पेड़ गिरने और जलभराव के कारण यातायात व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हुई।कई सड़कों पर पानी भरने से वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ा। हाईवे पर भी जलभराव के कारण कई वाहन फंस गए। प्रशासन की ओर से राहत और बचाव कार्य चलाए जा रहे हैं। सड़कों पर गिरे पेड़ों को हटाने के लिए आपदा राहत टीमों को लगाया गया है।
30 उड़ानें रद्द, हवाई यातायात प्रभावित
चक्रवाती तूफान का असर हवाई यातायात पर भी देखने को मिला है। खराब मौसम और तेज हवाओं को देखते हुए आंध्र प्रदेश के तीन एयरपोर्ट से 19 उड़ानें रद्द कर दी गईं। वहीं, चेन्नई से भी 11 उड़ानों को रद्द करना पड़ा। इससे यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। मौसम की स्थिति को देखते हुए हवाई सेवाओं पर आगे भी असर पड़ने की आशंका है।
पांच राज्यों में NDRF की 37 टीमें तैनात
तूफान से निपटने के लिए राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) की 37 टीमें पांच राज्यों में तैनात की गई हैं। इन टीमों को राहत और बचाव कार्यों के लिए तैयार रखा गया है। ओडिशा में भी तूफान के संभावित प्रभाव को देखते हुए एहतियाती कदम उठाए गए हैं। राज्य के पांच जिलों से करीब 1.6 लाख लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है।
कई राज्यों में भारी बारिश की आशंका
मौसम विभाग के अनुसार, तूफान का असर केवल आंध्र प्रदेश और तेलंगाना तक सीमित नहीं रह सकता। मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, केरल, कर्नाटक और महाराष्ट्र समेत कई राज्यों में भी इसके प्रभाव से मौसम बदलने और बारिश होने की आशंका है। प्रशासन को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।
बापटला में राहत कार्य में जुटी NDRF
आंध्र प्रदेश के बापटला जिले में सूर्यलंका रोड के पास तेज हवाओं और भारी बारिश के कारण कई बड़े पेड़ उखड़कर गिर गए। इससे सड़क पर आवागमन प्रभावित हुआ। स्थिति को सामान्य करने के लिए NDRF के जवानों को मौके पर लगाया गया है। जवान गिरे हुए पेड़ों को हटाने और रास्ता साफ करने में जुटे हैं।फिलहाल प्रशासन प्रभावित इलाकों में राहत एवं बचाव कार्य तेज कर रहा है। लोगों को खराब मौसम के दौरान घरों में रहने और समुद्र तटों तथा जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहने की सलाह दी गई है।

