सीडब्ल्यूजी 2026: भारत के हाथ से फिसला मेडल, जूडोका इशरूप नारंग मामूली अंतर से चूकीं ब्रॉन्ज
ग्लासगो, 2 अगस्त (आईएएनएस)। कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में महिलाओं के 78 किलोग्राम भार वर्ग के ब्रॉन्ज मेडल मुकाबले में भारतीय जूडोका इशरूप नारंग को हार का सामना करना पड़ा। रविवार को 'एसईसी हॉल-4' में हुए इस कड़े मुकाबले में उन्हें कनाडा की कोराली गॉडबूट ने 'गोल्डन स्कोर' में हराया।
निर्धारित समय में दोनों जूडोका के बीच कोई नतीजा नहीं निकलने के बाद मुकाबला 'गोल्डन स्कोर' में चला गया, जहां गॉडबॉट ने 6:19 मिनट पर निर्णायक 'यूको' हासिल कर ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम किया।
पूरे मुकाबले में दोनों खिलाड़ियों ने रणनीति पर ध्यान दिया और निर्धारित समय में कोई भी खिलाड़ी स्कोर नहीं कर सका। मुकाबले के दौरान दोनों जूडोका पर पेानल्टी भी लगाई गई, लेकिन अतिरिक्त समय में स्कोर करने का पहला मौका कनाडाई खिलाड़ी ने भुनाया और जीत हासिल की।
इस मामूली अंतर से मिली हार का मतलब था कि शानदार प्रदर्शन के बावजूद नारंग पोडियम तक नहीं पहुंच सकीं। इसके साथ ही ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स की जूडो प्रतियोगिता में भारत के हाथ से मेडल फिसलने का एक और मामला जुड़ गया।
भले ही नारंग मेडल नहीं जीत सकीं, लेकिन उनके अभियान में हिम्मत और मजबूती दिखी। उन्होंने अपनी बेहतर रैंकिंग वाली प्रतिद्वंद्वी को 'गोल्डन स्कोर' तक धकेला और अंत में बहुत कम अंतर से हार गईं।
इशरूप नारंग ने अपने पहले मैच में स्कॉटलैंड की निकोल वुड के खिलाफ जीत दर्ज की थी। इसके बाद उन्हें क्वार्टर फाइनल में इंग्लैंड की एम्मा रीड के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा। रेपेचेज में इशरूप ने कैमरून की जॉर्जिका वेस्ली जेंग्यू मून को मात देकर ब्रॉन्ज मेडल मुकाबले में जगह बनाई थी, जहां उन्हें हार का सामना करना पड़ा।
जूडो में भारत ने कुल 4 मेडल अपने नाम किए। इनमें 2 गोल्ड, 1 सिल्वर और 1 ब्रॉन्ज मेडल है। देश ने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में अब तक कुल 39 मेडल हासिल किए हैं। इनमें 13 गोल्ड, 17 सिल्वर और 9 ब्रॉन्ज मेडल हैं। भारत फिलहाल मेडल टैली में चौथे स्थान पर मौजूद है।
--आईएएनएस
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