Samachar Nama
×

सीओईपी विवाद पर छात्रों का पक्ष: एनएसयूआई पर दबाव बनाने और हॉस्टल में घुसपैठ का आरोप, निष्पक्ष जांच की मांग

सीओईपी विवाद पर छात्रों का पक्ष: एनएसयूआई पर दबाव बनाने और हॉस्टल में घुसपैठ का आरोप, निष्पक्ष जांच की मांग
सीओईपी विवाद पर छात्रों का पक्ष: एनएसयूआई पर दबाव बनाने और हॉस्टल में घुसपैठ का आरोप, निष्पक्ष जांच की मांग

पुणे, 22 अगस्त (आईएएनएस)। सीओईपी टेक्नोलॉजिकल यूनिवर्सिटी में छात्रों के दो गुटों के बीच हुए विवाद के बाद तनाव का माहौल है। विश्वविद्यालय के छात्रों के एक समूह ने शनिवार को एक संयुक्त प्रेस विज्ञप्ति जारी कर पूरे मामले पर अपना पक्ष रखा है और निष्पक्ष जांच की मांग की है।

छात्रों के अनुसार, कैंपस में हुई अशांति की शुरुआत एक छात्रा के बयान से हुई। छात्रों का दावा है कि छात्रा ने शुरुआत में दबाव और हेरफेर के तहत मीडिया को बयान दिया था। बाद में उसने स्वेच्छा से अपना पक्ष स्पष्ट करने के लिए एक स्पष्टीकरण वीडियो रिकॉर्ड करने का फैसला किया, जिसमें उसने बताया कि उसका पिछला बयान दबाव में दिया गया था।

प्रेस विज्ञप्ति में आरोप लगाया गया है कि इस स्पष्टीकरण को रिकॉर्ड करते समय एनएसयूआई के सदस्य बताए गए कुछ लोगों ने रिकॉर्डिंग रोकने और छात्रा को डराने-धमकाने की कोशिश की। छात्रों का कहना है कि छात्रा की सुरक्षा को देखते हुए और उसकी पूरी सहमति से उसे हॉस्टल परिसर के भीतर एक सुरक्षित स्थान पर ले जाया गया।

छात्रों ने आरोप लगाया कि इसके तुरंत बाद 100 से 200 लोगों की भीड़ हॉस्टल क्षेत्र में घुस आई। छात्रों के मुताबिक, भीड़ में कांग्रेस, यूथ कांग्रेस और एनएसयूआई के सदस्य बताए गए लोग शामिल थे। भीड़ ने छात्रा तक पहुंचने और उस पर अपना रुख बदलने का दबाव बनाने की कोशिश की, जिससे हॉस्टल में डर और अशांति का माहौल पैदा हो गया। हॉस्टल के छात्रों ने भी भीड़ द्वारा धमकाए जाने की शिकायत की है।

छात्रों ने कहा कि हम 20 से 22 साल के छात्र हैं और हमारे हॉस्टल परिसर के अंदर 35 से 40 साल के वयस्कों द्वारा सामना और दबाव बनाया जाना बेहद परेशान करने वाला है। ऐसी घटनाओं ने प्लेसमेंट सीजन के दौरान उनकी सुरक्षा, पढ़ाई और मानसिक स्वास्थ्य पर गंभीर असर डाला है।

छात्रों ने इस मामले में निष्पक्ष जांच, सभी छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और डराने-धमकाने व विश्वविद्यालय की शांति भंग करने के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। साथ ही उन्होंने एनएसयूआई और कांग्रेस से जुड़े लोगों पर अशांति फैलाने का आरोप लगाते हुए कड़ी निंदा की है और जवाबदेही तय करने की मांग की है।

यह बयान सीओईपी टेक्नोलॉजिकल यूनिवर्सिटी के छात्रों विघ्नेश जी. हुरपडे, अन्वय जोशी, ओंकार थोसर, श्रीपाद पांडे, तुषार महाजन, अंतरा कोकाटे और अनुप्रीता निंबालकर की ओर से जारी किया गया है।

--आईएएनएस

डीएससी

Share this story

Tags