फुलवारी शरीफ में 12वीं की छात्रा की कोचिंग सेंटर की छत से गिरकर संदिग्ध परिस्थितियों में मौत
पटना के फुलवारी शरीफ थाना क्षेत्र से एक बेहद दुखद और सनसनीखेज घटना सामने आई है। 12वीं कक्षा में पढ़ने वाली एक छात्रा की कोचिंग सेंटर की छत से गिरकर मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही इलाके में हड़कंप मच गया और स्थानीय लोग गहरी चिंता में हैं।
सूत्रों के अनुसार, यह घटना फुलवारी शरीफ के हरी नगर कॉलोनी स्थित एक निजी भवन में संचालित कोचिंग सेंटर में हुई। छात्रा रोज़ की तरह कोचिंग जाने के लिए अपने घर से निकली थी। परिजनों और छात्रों के मुताबिक, वह पढ़ाई में काफी मेहनती और जिम्मेदार थी।
घटना की जानकारी उसके परिजनों को उस समय मिली जब कोचिंग सेंटर से सूचित किया गया कि छात्रा छत से गिर गई है और गंभीर चोटों के कारण उसकी मौके पर ही मौत हो गई। यह घटना इतनी अचानक और भयानक थी कि छात्रों और स्टाफ में अफरातफरी मच गई।
स्थानीय पुलिस ने बताया कि मामले की तुरंत जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस अधिकारी ने कहा कि प्रारंभिक रिपोर्ट में यह घटना संदिग्ध परिस्थितियों में हुई प्रतीत होती है। उन्होंने यह भी कहा कि सीसीटीवी फुटेज, कोचिंग स्टाफ और वहां मौजूद छात्रों से पूछताछ की जा रही है ताकि हादसे के कारणों का पता लगाया जा सके।
स्थानीय लोगों और पड़ोसियों का कहना है कि यह जगह पहले भी कोचिंग सेंटर और छोटे भवनों के कारण हल्की गहमागहमी का केंद्र रही है, लेकिन इस तरह की घटना ने सभी को स्तब्ध कर दिया है। कई लोग यह पूछ रहे हैं कि क्या यह वास्तव में सिर्फ हादसा था या इसके पीछे कोई अन्य कारण भी हो सकता है।
विशेषज्ञों का कहना है कि इस प्रकार की घटनाओं में अक्सर भवन और सुरक्षा मानकों की अनदेखी देखने को मिलती है। उन्होंने प्रशासन से अपील की है कि निजी भवनों में संचालित शैक्षिक संस्थानों में सुरक्षा उपाय सुनिश्चित किए जाएँ, ताकि छात्र-छात्राओं की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। उन्होंने कोचिंग संचालकों से भी इस घटना की सच्चाई सामने लाने और सुरक्षा मानकों का पालन करने की मांग की है। घटना ने यह सवाल भी उठाया है कि क्या छोटे कोचिंग सेंटर और निजी संस्थानों में छात्रों की सुरक्षा के लिए पर्याप्त व्यवस्था की जाती है।
फुलवारी शरीफ पुलिस ने बताया कि पोस्टमार्टम के बाद ही मौत के कारणों की पूरी जानकारी सामने आएगी। साथ ही उन्होंने कहा कि यदि जांच में कोई संदिग्ध गतिविधि सामने आती है, तो आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
इस दुखद घटना ने न केवल परिवार को अपूरणीय क्षति पहुँचाई है, बल्कि पूरे इलाके में शोक और चिंता का माहौल बना दिया है। विशेषज्ञ और स्थानीय प्रशासन सभी से अपील कर रहे हैं कि वे इस मामले में सावधानी बरतें और बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता दें।
पटना में यह मामला शिक्षा और सुरक्षा दोनों के दृष्टिकोण से चर्चा का विषय बन गया है। आने वाले दिनों में यह देखना होगा कि प्रशासन इस संदिग्ध दुर्घटना की जांच को कितनी गंभीरता और तेजी से अंजाम देता है।

