स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं के साथ वित्तीय धोखाधड़ी के मामले बढ़े, आमजन से सतर्क रहने की अपील
हाल के दिनों में स्वयं सहायता समूहों (Self Help Groups) से जुड़ी महिलाओं के साथ वित्तीय धोखाधड़ी के कई मामले सामने आए हैं। इन घटनाओं को देखते हुए प्रशासन और संबंधित विभागों ने आमजन, विशेष रूप से स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को सतर्क रहने की अपील की है।
जानकारी के अनुसार, कुछ असामाजिक तत्व स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को विभिन्न योजनाओं, लोन या आर्थिक लाभ का झांसा देकर उनसे पैसे ठगने की कोशिश कर रहे हैं। कई मामलों में देखा गया है कि ठग खुद को किसी संस्था, बैंक या सरकारी योजना से जुड़ा अधिकारी बताकर महिलाओं से संपर्क करते हैं और उनसे दस्तावेज या पैसे मांग लेते हैं।
अधिकारियों का कहना है कि स्वयं सहायता समूह ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण का महत्वपूर्ण माध्यम हैं। ऐसे में इन समूहों से जुड़ी महिलाओं को ठगी का शिकार बनने से बचाने के लिए जागरूकता बेहद जरूरी है।
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि किसी भी अनजान व्यक्ति या संस्था के कहने पर पैसे जमा न करें और न ही अपने बैंक खाते, आधार कार्ड या अन्य निजी दस्तावेजों की जानकारी साझा करें। यदि कोई व्यक्ति सरकारी योजना या लोन दिलाने के नाम पर पैसे मांगता है तो पहले उसकी पूरी तरह से जांच-पड़ताल करना जरूरी है।
इसके अलावा अधिकारियों ने यह भी कहा है कि अगर किसी को इस तरह की धोखाधड़ी का संदेह हो या कोई व्यक्ति ठगी करने की कोशिश करे तो तुरंत नजदीकी पुलिस थाने या संबंधित विभाग को इसकी सूचना दें। समय रहते जानकारी मिलने पर ऐसे मामलों में त्वरित कार्रवाई की जा सकती है।
प्रशासन का कहना है कि जागरूकता और सतर्कता से ही इस तरह की धोखाधड़ी से बचा जा सकता है। स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को भी अपने समूह के माध्यम से एक-दूसरे को सतर्क करने और सही जानकारी साझा करने की सलाह दी गई है, ताकि कोई भी व्यक्ति ठगी का शिकार न बने।

