बिहार में कानून व्यवस्था में काफी सुधार, जल्दी ही सभी घटनाओं पर लगेगी रोक : देवेश चंद्र ठाकुर
नई दिल्ली, 28 सितंबर (आईएएनएस)। जनता दल यूनाइटेड (जदयू) के सांसद देवेश चंद्र ठाकुर ने बिहार में बच्चों और लड़कियों के साथ बदसलूकी की हालिया घटनाओं को लेकर चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि ऐसी घटनाएं निश्चित रूप से चिंताजनक हैं, लेकिन इनके आधार पर पूरे बिहार में कानून-व्यवस्था की स्थिति खराब होने का निष्कर्ष निकालना अतिशयोक्ति होगी।
जनता दल (यूनाइटेड) के सांसद देवेश चंद्र ठाकुर ने आईएएनएस से बात करते हुए कहा, "बिहार में बच्चों और लड़कियों के साथ बदसलूकी की एक-दो घटनाएं लगातार हुई हैं। मुझे लगता है कि केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने भी इसी मुद्दे पर अपनी राय रखी होगी। निश्चित रूप से, बिहार के एक निवासी, एक अभिभावक और एक पिता के तौर पर हमें भी बुरा लगता है, जब कोई सड़क पर बच्चों या लड़कियों के साथ बदसलूकी करता है। यह निश्चित रूप से चिंता का विषय है। लेकिन, इससे यह निष्कर्ष निकालना कि पूरे बिहार में कानून-व्यवस्था बिगड़ गई है, मुझे लगता है कि यह थोड़ी अतिशयोक्ति होगी।"
उन्होंने कहा कि बिहार में कुछ घटनाएं ऐसे स्थानों पर हो रही हैं, जहां आम जनता या पुलिसकर्मी मौजूद नहीं रहते। प्रदेश के हर स्थान पर सुरक्षाकर्मियों की तैनाती संभव नहीं है। ऐसे में सरकार इस बात पर काम कर रही है कि सुनसान या संवेदनशील स्थानों पर भी इस तरह की घटनाओं को कैसे रोका जाए। उन्होंने कहा कि इस तरह की घटनाओं में शामिल लोगों के खिलाफ कानून के तहत कार्रवाई की जा रही है।
जेडीयू सांसद ने बिहार की पिछली सरकारों पर भी निशाना साधते हुए कहा कि पहले की सरकारों ने राज्य की स्थिति को काफी खराब कर दिया था और एनडीए सरकार उसे सुधारने का काम कर रही है। उन्होंने उम्मीद जताई कि जल्द ही पूरे बिहार में कानून-व्यवस्था की स्थिति बेहतर होगी।
विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर कांग्रेस नेता राहुल गांधी की टिप्पणियों पर भी देवेश चंद्र ठाकुर ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि उन्हें राहुल गांधी के आरोपों में कोई सच्चाई नजर नहीं आती। राहुल गांधी वरिष्ठ नेता और विपक्ष के नेता हैं और विपक्ष की ओर से इस तरह की टिप्पणियां करना स्वाभाविक है।
सांसद ठाकुर ने कहा कि एसआईआर के बारे में पहले भी चर्चा होती रही है। कई ऐसे लोगों के नाम लंबे समय तक मतदाता सूची में शामिल रहे हैं, जो उनके अनुसार कानूनी तौर पर देश के नागरिक नहीं थे। उन्होंने कहा कि वे बिहार से हैं और सीमावर्ती इलाकों की यात्रा कर चुके हैं। उन्होंने देखा है कि किस तरह लोग सीमा के रास्ते देश में प्रवेश करते हैं।
--आईएएनएस
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