भाजपा एजेंट के तौर पर काम कर रहे हैं सीईसी, हर हाल में देना होगा इस्तीफा : इंडिया गठबंधन
नई दिल्ली, 6 अक्टूबर (आईएएनएस)। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विपक्षी इंडिया ब्लॉक का विरोध प्रदर्शन लगातार तेज होता जा रहा है। दिल्ली से लेकर रांची तक विपक्षी दलों ने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए सीईसी ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की है। कांग्रेस, समाजवादी पार्टी और झारखंड मुक्ति मोर्चा (जेएमएम) ने आरोप लगाया है कि चुनाव आयोग निष्पक्षता से काम नहीं कर रहा है और फॉर्म 6 तथा फॉर्म 7 का दुरुपयोग कर मतदाताओं के नाम काटे जा रहे हैं।
दिल्ली में विरोध प्रदर्शन पर कांग्रेस सांसद जीसी चंद्रशेखर ने कहा कि विपक्ष का यह प्रदर्शन लोकतंत्र को बचाने के लिए है। पिछले सप्ताह बेंगलुरु में जो हुआ, उसे लेकर हम चुनाव आयोग भी गए थे। वे फॉर्म 7 का इस्तेमाल करके वोट हटा रहे हैं। हम इसी बात का विरोध कर रहे हैं। हम इस मुद्दे को लेकर बहुत गंभीर हैं और जब तक मुख्य चुनाव आयुक्त इस्तीफा नहीं देते, तब तक हमारी लड़ाई जारी रहेगी।
वहीं, समाजवादी पार्टी के नेता और पूर्व विधायक संतोष पांडेय ने कहा, "भारतीय जनता पार्टी देश में लोकतंत्र का जिस तरह मजाक उड़ा रही है और ज्ञानेश कुमार जिस तरह एक पार्टी के एजेंट बनकर बैठे हैं, अभी जिस तरह वह एक्सपोज हुए हैं, जनता सब देख रही है। जनता भाजपा के काम भी देख रही है और जिन संस्थाओं पर जनता का भरोसा है, उनकी छवि भी इन्होंने खराब कर दी है।"
उन्होंने मांग की कि सीईसी को तुरंत हटाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा, "मैं समाजवादी पार्टी की तरफ से मांग करता हूं कि इन्हें हटाया जाए। अगर इनमें थोड़ी भी शर्म बची है तो इन्हें खुद इस्तीफा दे देना चाहिए। अगर ये खुद इस्तीफा नहीं देते हैं तो ऐसे लोगों को पद से बर्खास्त करना चाहिए।"
रांची में जेएमएम प्रवक्ता मनोज पांडेय ने भी सीईसी के खिलाफ विपक्ष के प्रदर्शन पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा, "तमाम राजनीतिक पार्टियों का लक्ष्य एक ही है। सभी के अपने-अपने कार्यक्रम हैं, लेकिन जो जनाक्रोश सड़कों पर दिख रहा है, वह मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ है और केंद्र की तानाशाही सरकार ने उन्हें अपना समर्थन दे रखा है। हर हाल में ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा होना चाहिए। फॉर्म 6 पूरी तरह से असंवैधानिक है। एसआईआर की प्रक्रिया पूरी तरह से अनुचित और गैरकानूनी है। यह भी रद्द होना चाहिए।"
--आईएएनएस
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