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बच्चू कडू ने शिवसेना में की वापसी, अमरावती में समर्थकों ने मनाया जश्न

अमरावती, 30 अप्रैल (आईएएनएस)। प्रहार जनशक्ति पार्टी के अध्यक्ष रह चुके और विदर्भ के फायरब्रांड नेता एवं पूर्व विधायक बच्चू कडू ने उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना का दामन थाम लिया। इस मौके पर उनके समर्थकों ने अमरावती शहर में बड़े पैमाने पर जश्न मनाया। शहर में आतिशबाजी की गई और पेड़े व मिठाइयां बांटकर खुशी जाहिर की गई।
बच्चू कडू ने शिवसेना में की वापसी, अमरावती में समर्थकों ने मनाया जश्न

अमरावती, 30 अप्रैल (आईएएनएस)। प्रहार जनशक्ति पार्टी के अध्यक्ष रह चुके और विदर्भ के फायरब्रांड नेता एवं पूर्व विधायक बच्चू कडू ने उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना का दामन थाम लिया। इस मौके पर उनके समर्थकों ने अमरावती शहर में बड़े पैमाने पर जश्न मनाया। शहर में आतिशबाजी की गई और पेड़े व मिठाइयां बांटकर खुशी जाहिर की गई।

इस दौरान कार्यकर्ताओं ने बच्चू कडू, शिवसेना और एकनाथ शिंदे के समर्थन में जोरदार नारेबाजी की। खास बात यह रही कि बच्चू कडू की प्रहार जनशक्ति पार्टी के कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों ने 'हम मूल रूप से शिवसैनिक हैं', ऐसी भावना व्यक्त करते हुए इस नई राजनीतिक पहल का समर्थन किया।

अमरावती जिले के मध्यवर्ती सहकारी बैंक के सामने बड़ी संख्या में समर्थक इकट्ठा हुए, जहां जश्न का माहौल देखने को मिला। कार्यकर्ताओं का मानना है कि एकनाथ शिंदे के नेतृत्व में बच्चू कडू के इस प्रवेश से पूरे महाराष्ट्र में शिवसेना और मजबूत होगी।

बल्लू जवंजाल ने कहा कि प्रहार जनशक्ति पार्टी सक्रिय रहेगी। पार्टी के कार्यकर्ता समाज के लिए काम करते रहेंगे, लेकिन राजनीतिक के तौर पर अब बच्चू कुंडे के साथ शिवसेना के कार्यकर्ता के रूप में काम करेंगे।

वहीं, मुंबई में एकनाथ शिंदे की मौजूदगी में पार्टी का दामन थामते हुए बच्चू कडू ने कहा कि वह अब आगे की राजनीतिक यात्रा शिवसेना के साथ जारी रखेंगे। बच्चू कडू ने कहा कि उन्होंने यह फैसला तब लिया जब शिवसेना शिंदे गुट ने उनकी सभी शर्तें मान लीं। किसानों के लिए उपज पर समर्थन मूल्य में सुधार, विधवा महिलाओं के मुद्दे और दिव्यांग मंत्रालय को मजबूत करने जैसे अहम मुद्दों पर सहमति बन गई है। पूरी ईमानदारी से शिवसेना की ताकत बढ़ाने के लिए काम करेंगे, लेकिन किसानों, मजदूरों और दिव्यांगों के हितों से कोई समझौता नहीं होने देंगे।

बच्चू कडू ने कहा कि उनकी राजनीति की शुरुआत शिवसेना से हुई थी और अब वह एकनाथ शिंदे के नेतृत्व में ही आगे बढ़ेगी। अगले 15-20 वर्षों तक जो मेरी राजनीति यात्रा बची है, वह शिवसेना के साथ ही रहेगी।

उन्होंने आगे कहा कि किसानों के मुद्दों खासकर कपास के समर्थन मूल्य को लेकर असहमति के चलते उन्होंने शिवसेना से इस्तीफा दिया था। अब एक बार फिर उन्होंने किसानों और दिव्यांगों के मुद्दों को केंद्र में रखते हुए शिवसेना का दामन थामा।

--आईएएनएस

ओपी/डीकेपी

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