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आर्मी डे 2026: तेजपुर में गजराज कोर के जीओसी ने शहीदों को पुष्पचक्र अर्पित कर दी श्रद्धांजलि

तेजपुर, 15 जनवरी (आईएएनएस)। आर्मी डे 2026 के अवसर पर गजराज कोर के जनरल ऑफिसर कमांडिंग (जीओसी) लेफ्टिनेंट जनरल गंभीर सिंह ने तेजपुर स्थित गजराज वॉर मेमोरियल पर पुष्पचक्र अर्पित कर देश के वीर शहीदों को श्रद्धांजलि दी। इस कार्यक्रम में उन्होंने राष्ट्र के लिए सर्वोच्च बलिदान देने वाले जवानों को याद किया और उनके पराक्रम को सलाम किया।
आर्मी डे 2026: तेजपुर में गजराज कोर के जीओसी ने शहीदों को पुष्पचक्र अर्पित कर दी श्रद्धांजलि

तेजपुर, 15 जनवरी (आईएएनएस)। आर्मी डे 2026 के अवसर पर गजराज कोर के जनरल ऑफिसर कमांडिंग (जीओसी) लेफ्टिनेंट जनरल गंभीर सिंह ने तेजपुर स्थित गजराज वॉर मेमोरियल पर पुष्पचक्र अर्पित कर देश के वीर शहीदों को श्रद्धांजलि दी। इस कार्यक्रम में उन्होंने राष्ट्र के लिए सर्वोच्च बलिदान देने वाले जवानों को याद किया और उनके पराक्रम को सलाम किया।

लेफ्टिनेंट जनरल गंभीर सिंह ने मेमोरियल पर पहुंचकर शहीदों को नमन किया और उनके परिवारों के प्रति सम्मान व्यक्त किया। इसके बाद उन्होंने पूर्व सैनिकों (वेटरन्स) से मुलाकात की। उन्होंने पूर्व सैनिकों के आजीवन समर्पण, त्याग और निष्ठा की सराहना की।

उन्होंने कहा कि शहीदों और पूर्व सैनिकों का साहस, नि:स्वार्थ सेवा और योगदान न केवल वर्तमान पीढ़ी को प्रेरित करता है, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए भी एक मजबूत प्रेरणा स्रोत बना रहेगा। उनका बलिदान भारत के गौरव को और मजबूत करेगा तथा देश को एक सुरक्षित और उज्ज्वल भविष्य की ओर ले जाएगा।

यह कार्यक्रम भारतीय सेना की उस परंपरा को दर्शाता है जिसमें सेवा, बलिदान और विरासत को हमेशा सम्मान दिया जाता है। गजराज कोर के इस आयोजन में शहीदों की याद में मौन रखा गया और उनके योगदान को याद कर भावुक क्षण बने। इस मौके पर लेफ्टिनेंट जनरल गंभीर सिंह ने कहा कि सेना का हर जवान देश की रक्षा के लिए तैयार रहता है और पूर्व सैनिकों की अनुभवपूर्ण सलाह युवा सैनिकों के लिए बहुत मूल्यवान है।

आर्मी डे हर साल 15 जनवरी को मनाया जाता है, जिस दिन भारतीय सेना की स्थापना हुई थी। इस दिन पूरे देश में विभिन्न कार्यक्रमों के जरिए शहीदों और सैनिकों को सम्मानित किया जाता है। तेजपुर में आयोजित यह कार्यक्रम गजराज कोर के जवानों और पूर्व सैनिकों के बीच मजबूत बंधन को भी दिखाता है। कार्यक्रम में मौजूद सभी लोगों ने शहीदों के प्रति अपनी श्रद्धा व्यक्त की और राष्ट्रसेवा की भावना को मजबूत करने का संकल्प लिया। यह आयोजन सेना की गौरवशाली परंपरा को जीवंत रखने का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है।

--आईएएनएस

एसएचके/डीकेपी

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