पांच साल से टीएमसी सरकार भ्रष्टाचार में डूबी थी, इसलिए जनता ने नकार दिया: हुमायूं कबीर
मुर्शिदाबाद, 5 मई (आईएएनएस)। पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले में बाबरी मस्जिद के निर्माण को लेकर सुर्खियों में आए हुमायूं कबीर ने टीएमसी से निष्कासित होने के बाद आम जनता उन्नयन पार्टी (एजेयूपी) बनाई और रेजिनगर एवं नवादा सीटों से चुनाव लड़ा और जीत हासिल की। चुनाव जीतने के बाद हुमायूं कबीर ने ममता बनर्जी, कांग्रेस, सीपीएम और भाजपा को लेकर प्रतिक्रिया दी।
हुमायूं कबीर ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत करते हुए कहा, "जब मुख्यमंत्री खुद हार गईं, टीएमसी में सिर्फ एक ही पद मुख्यमंत्री का था, बाकी सब नाम के मंत्री थे। जब मुखिया ही हार गईं तो उनकी पार्टी के उम्मीदवार हारेंगे ही। पिछले पांच साल, 2021 से 2026 तक पूरी सरकार भ्रष्टाचार में डूबी रही। टीएमसी सरकार ने दूसरे कार्यकाल में गड़बड़ी की, लेकिन तीसरे कार्यकाल में इसका प्रभाव नहीं पड़ा, क्योंकि जनता के पास कोई और विकल्प नहीं था, इसलिए ममता बनर्जी ने सोचा कि जो करेंगी, वह जनता मान लेगी। अंत में जनता ने सबक सिखा दिया।"
हुमायूं कबीर ने कहा कि जैसे 2011 में बुद्धदेव भट्टाचार्य के मुख्यमंत्री रहते हुए उनके कैबिनेट के मंत्री हार गए थे, उसी तरह 2026 में भी हुआ है। टीएमसी सरकार में जमकर भ्रष्टाचार हुआ, इसलिए आम आदमी के पास भाजपा को चुनने के सिवाय कोई दूसरा विकल्प नहीं था। पश्चिम बंगाल में कांग्रेस और सीपीआईएम का कोई आधार नहीं है, जिसका फायदा भाजपा को मिला।"
हुमायूं कबीर ने कहा, "पश्चिम बंगाल में भाजपा की नई सरकार को लोगों के हित में काम करना चाहिए। अगर भाजपा भी कुछ गलत करती है तो उसका विरोध करूंगा।"
ममता बनर्जी ने 'मां, माटी, मानुष' का नारा दिया था, लेकिन पांच साल में इससे उनका कोई सरोकार नहीं था, इसलिए जनता ने उनको नकार दिया। तीन बार मुख्यमंत्री, सांसद और मंत्री रहने के बावजूद ममता बनर्जी को भवानीपुर सीट से हार का सामना करना पड़ा। ये साबित करता है कि जनता दीदी की कार्यप्रणाली से खुश नहीं थी। अभिषेक बनर्जी ने पुलिस के साथ मिलकर लोकसभा चुनाव में भारी मतों से जीत हासिल की थी। इस जीत की असलियत 2029 लोकसभा चुनाव में पता चल जाएगा।"
हुमायूं कबीर ने कहा, "वह गृहनगर रेजीनगर विधानसभा सीट छोड़ देंगे और नवादा की जनता के लिए काम करेंगे। यहां से बेटे गुलाब नवी आजाद को चुनाव लड़ाएंगे और उम्मीद है कि जनता मेरी तरह बेटे को भी वोट देकर जिताएगी।
--आईएएनएस
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