नई दिल्ली: सुबह की शुरुआत चाय या गर्म दूध से करने वाले लोगों के लिए दूध का उबलकर गैस पर गिरना आम समस्या है। जरा सी नजर हटते ही दूध बर्तन से बाहर निकल जाता है और गैस स्टोव गंदा हो जाता है। इसके साथ दूध भी बर्बाद होता है और बाद में किचन साफ करने में अतिरिक्त मेहनत करनी पड़ती है।
हालांकि, कुछ आसान सावधानियां और घरेलू तरीके अपनाकर दूध के उबलकर बाहर गिरने की समस्या को काफी हद तक कम किया जा सकता है।
आखिर क्यों उबलकर बाहर निकलता है दूध?
दूध में पानी, वसा और प्रोटीन जैसे कई तत्व मौजूद होते हैं। जब दूध गर्म होता है तो उसकी सतह पर मलाई या प्रोटीन की पतली परत बनने लगती है। यह परत भाप को आसानी से बाहर निकलने से रोक सकती है।
इसके कारण बर्तन के अंदर भाप और बुलबुले जमा होते जाते हैं। जैसे-जैसे तापमान बढ़ता है, दूध तेजी से ऊपर उठता है और देखते ही देखते बर्तन से बाहर निकल सकता है।
अक्सर यह समस्या तब होती है जब दूध गैस पर रखकर लोग दूसरे काम में व्यस्त हो जाते हैं।
दूध गर्म करने के लिए बड़ा बर्तन इस्तेमाल करें
दूध उबलकर बाहर न निकले, इसके लिए बर्तन का चुनाव भी महत्वपूर्ण है। कोशिश करें कि दूध की मात्रा के मुकाबले बर्तन पर्याप्त बड़ा हो।
अगर बर्तन दूध से लगभग दोगुना बड़ा है तो दूध के ऊपर उठने के लिए पर्याप्त जगह रहती है। छोटे और दूध से भरे हुए बर्तन में दूध के बाहर गिरने की संभावना ज्यादा रहती है।
बर्तन के ऊपर लकड़ी का चम्मच रखें
दूध को उबलकर बाहर निकलने से रोकने के लिए लकड़ी के चम्मच वाली तरकीब काफी पुरानी है।
इसके लिए दूध गर्म करते समय बर्तन के ऊपर एक साफ लकड़ी का चम्मच आड़ा रखा जा सकता है। दूध ऊपर उठने पर चम्मच झाग और बुलबुलों को बाधित कर सकता है, जिससे उबाल कुछ हद तक नियंत्रित रह सकता है।
हालांकि, इसे पूरी तरह भरोसेमंद सुरक्षा उपाय न मानें। दूध को गैस पर छोड़कर पूरी तरह दूर जाना फिर भी ठीक नहीं है।
तेज आंच के बजाय धीमी आंच रखें
दूध को तेज आंच पर गर्म करने से वह बहुत जल्दी उबाल तक पहुंच सकता है। ऐसे में दूध के ऊपर उठने का समय भी कम मिलता है।
इसके बजाय मध्यम या धीमी आंच पर दूध गर्म करें। इससे दूध धीरे-धीरे गर्म होगा और उबाल आने से पहले आपको आंच कम करने या गैस बंद करने का समय मिल जाएगा।
स्टील की कटोरी या चम्मच वाली तरकीब
कुछ घरों में दूध गर्म करते समय बर्तन के अंदर स्टील की कटोरी या बड़ा चम्मच रखने की परंपरा है। माना जाता है कि इससे दूध की सतह पर बनने वाले बुलबुले बाधित होते हैं और उबाल कुछ हद तक नियंत्रित रह सकता है।
फिर भी इस तरीके को दूध के बाहर न गिरने की गारंटी नहीं माना जा सकता। खासकर तेज आंच पर ज्यादा मात्रा में दूध गर्म करते समय निगरानी जरूरी है।
दूध गर्म करते समय नजर बनाए रखें
किसी भी घरेलू तरकीब से ज्यादा जरूरी है कि दूध को गैस पर रखकर लंबे समय तक बिना निगरानी के न छोड़ें।
जैसे ही दूध के किनारों पर झाग या हलचल दिखाई देने लगे, आंच धीमी कर दें। जरूरत पड़ने पर कुछ समय के लिए गैस बंद भी की जा सकती है।
अगर आप रोजाना दूध गर्म करते समय इन छोटी-छोटी बातों का ध्यान रखते हैं तो दूध के बाहर गिरने की समस्या काफी कम हो सकती है और गैस स्टोव को बार-बार साफ करने की परेशानी से भी बचा जा सकता है।

