Dal Cooking Tips: कुकर में सीटी पर सीटी के बाद भी नहीं गलती दाल? अपनाएं ये आसान किचन ट्रिक्स
दाल भारतीय रसोई का अहम हिस्सा है और ज्यादातर घरों में इसे रोजाना किसी न किसी रूप में बनाया जाता है। दाल बनाना आसान जरूर है, लेकिन कई बार प्रेशर कुकर में कई सीटी लगने के बाद भी दाल पूरी तरह नहीं गलती। इससे खाना बनाने में ज्यादा समय लगता है और दाल का स्वाद व टेक्सचर भी प्रभावित हो सकता है।
अगर आपके साथ भी ऐसा अक्सर होता है, तो दाल पकाने से पहले और पकाते समय कुछ आसान तरीके अपनाकर इसे जल्दी और अच्छी तरह पकाया जा सकता है।
सही दाल का चुनाव करें
दाल कितनी जल्दी पकेगी, यह उसके प्रकार पर भी निर्भर करता है। साबुत और छिलके वाली दालों को आमतौर पर पकने में अधिक समय लग सकता है, जबकि धुली या टूटी हुई दाल अपेक्षाकृत जल्दी पक जाती है।
अगर आपके पास समय कम है, तो मूंग दाल जैसे विकल्प चुने जा सकते हैं। हालांकि, अलग-अलग दालों के पकने का समय उनकी किस्म और पुरानी या नई होने पर भी निर्भर करता है।
पकाने से पहले दाल भिगोएं
दाल को सीधे कुकर में डालने के बजाय कुछ समय पहले पानी में भिगोकर रखना उपयोगी हो सकता है। भिगोने से दाल पानी सोख लेती है और उसके दाने नरम होने लगते हैं। इसके बाद इसे पकाने में अपेक्षाकृत कम समय लग सकता है।
खासकर अरहर, चना या साबुत दालों जैसी किस्मों को पकाने से पहले भिगोना काफी मददगार हो सकता है।
हल्का रोस्ट करके पकाएं
दाल को पकाने से पहले 2-3 मिनट तक सूखे पैन में हल्का भूनने का तरीका भी अपनाया जा सकता है। ध्यान रखें कि दाल का रंग बहुत ज्यादा न बदले और वह जले नहीं।
हल्की रोस्टिंग से दाल में अलग तरह की खुशबू और स्वाद आ सकता है। इसके बाद इसे सामान्य तरीके से पकाया जा सकता है।
नमक बाद में डालें
अगर दाल आसानी से नहीं गलती है, तो शुरुआत में ही नमक डालने के बजाय दाल के अच्छी तरह पकने के बाद नमक मिलाना एक विकल्प हो सकता है। पहले दाल को पानी के साथ नरम होने तक पकाएं और फिर नमक व बाकी मसाले डालें।
हालांकि, दाल के पकने पर नमक डालने से हर स्थिति में फर्क पड़े, यह जरूरी नहीं है। दाल के प्रकार और पानी की गुणवत्ता जैसे दूसरे कारक भी इसकी पकने की प्रक्रिया को प्रभावित करते हैं।
खट्टी चीजें बाद में डालें
टमाटर, इमली और नींबू जैसी खट्टी चीजों का इस्तेमाल दाल का स्वाद बढ़ाने के लिए किया जाता है। लेकिन अम्लीय सामग्री कुछ दालों के नरम होने की प्रक्रिया को धीमा कर सकती है।
इसलिए अगर दाल गलने में परेशानी आती है, तो टमाटर, इमली या नींबू को दाल के पूरी तरह पकने के बाद डालना बेहतर विकल्प हो सकता है।
बेकिंग सोडा का इस्तेमाल सावधानी से
बहुत सख्त दाल को नरम करने के लिए कुछ लोग बेकिंग सोडा का इस्तेमाल करते हैं। इसकी बेहद थोड़ी मात्रा दाल को जल्दी नरम करने में मदद कर सकती है।
लेकिन इसका इस्तेमाल बहुत सीमित मात्रा में ही करना चाहिए। ज्यादा बेकिंग सोडा डालने से दाल का स्वाद, रंग और टेक्सचर बदल सकता है। इसलिए इसे रोजाना की आदत बनाने के बजाय जरूरत पड़ने पर ही इस्तेमाल करना बेहतर है।
फिर भी दाल कच्ची रह जाए तो क्या करें?
अगर दाल पूरी तरह नहीं गली है और समय कम है, तो उसे कुछ देर और पकाने का विकल्प सबसे सीधा तरीका है। जरूरत पड़ने पर थोड़े गर्म पानी के साथ दोबारा प्रेशर कुक किया जा सकता है।
अगर दाल लगभग पक चुकी है लेकिन कुछ दाने सख्त रह गए हैं, तो उसे अच्छी तरह मसलकर या ब्लेंड करके इस्तेमाल किया जा सकता है। इससे दाल का टेक्सचर ज्यादा स्मूद और क्रीमी हो जाएगा।
कुल मिलाकर, दाल के जल्दी पकने के लिए उसकी किस्म, भिगोने का समय, पानी की मात्रा और दाल की उम्र जैसे कई कारक जिम्मेदार होते हैं। इसलिए अगली बार कुकर में दाल बनाते समय इन आसान तरीकों को ध्यान में रखकर आप खाना बनाने का समय कुछ हद तक कम कर सकते हैं।

