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अगर सिर पर गर्म पानी डालकर नहाते हैं तो जान लें ये जरूरी बातें

नई दिल्ली, 7 जनवरी (आईएएनएस)। आयुर्वेद सर्दियों में गर्म पानी से नहाने की सलाह देता है। गर्म पानी शरीर को राहत देता है, मांसपेशियों को आराम पहुंचाता है, रक्त संचार बेहतर करता है और एनर्जी बढ़ाता है। यह ठंड से बचाव कर शरीर को मजबूत बनाता है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि सिर पर बहुत गर्म पानी डालना नुकसानदेह हो सकता है?
अगर सिर पर गर्म पानी डालकर नहाते हैं तो जान लें ये जरूरी बातें

नई दिल्ली, 7 जनवरी (आईएएनएस)। आयुर्वेद सर्दियों में गर्म पानी से नहाने की सलाह देता है। गर्म पानी शरीर को राहत देता है, मांसपेशियों को आराम पहुंचाता है, रक्त संचार बेहतर करता है और एनर्जी बढ़ाता है। यह ठंड से बचाव कर शरीर को मजबूत बनाता है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि सिर पर बहुत गर्म पानी डालना नुकसानदेह हो सकता है?

आयुर्वेद के अनुसार, बहुत गर्म पानी आंखों को नुकसान पहुंचा सकता है और रोशनी को प्रभावित कर सकता है। तेल मालिश के बाद तो विशेष रूप से बहुत गर्म पानी से दूर रहें। पानी गुनगुना रखें ताकि स्वास्थ्य सुरक्षित रहे। सिर पर बहुत गर्म पानी डालने से बचें।

भारत सरकार के आयुष मंत्रालय ने आयुर्वेद के आधार पर इस बारे में महत्वपूर्ण जानकारी साझा की। आयुर्वेद के अनुसार, गर्म पानी से नहाना शरीर को मजबूती (बल्य) देता है। यह मांसपेशियों को आराम देता है, ठंड से बचाता है और पूरे शरीर को ताकत देता है। बहुत से लोग मानते हैं कि बहुत गर्म पानी से नहाने से ज्यादा एनर्जी मिलती है और थकान दूर होती है। यह बात सही भी है, क्योंकि गर्म पानी रक्त संचार को बेहतर बनाता है और शरीर को गर्माहट देता है। हालांकि, आयुष मंत्रालय ने चेतावनी दी है कि सिर पर बहुत गर्म पानी डालने से बचना चाहिए।

आयुर्वेद में स्पष्ट कहा गया है कि सिर पर अत्यधिक गर्म पानी डालने से आंखों को नुकसान पहुंच सकता है। आंखें शरीर का संवेदनशील हिस्सा हैं और ज्यादा गर्मी से उनकी रोशनी प्रभावित हो सकती है या अन्य समस्याएं हो सकती हैं, इसलिए नहाते समय सिर पर पानी सामान्य गर्म या गुनगुना ही डालें। खास तौर पर तेल मालिश के बाद बहुत गर्म पानी से नहाने से पूरी तरह बचें।

आयुर्वेद में अभ्यंग (तेल मालिश) के बाद गर्म पानी का उपयोग सीमित मात्रा में करने की सलाह दी जाती है। ज्यादा गर्म पानी त्वचा से तेल को पूरी तरह हटा सकता है और शरीर के दोषों (वात, पित्त, कफ) में असंतुलन पैदा कर सकता है। इससे त्वचा रुखी हो सकती है या अन्य समस्याएं हो सकती हैं।

सिर और आंखों की सुरक्षा के लिए पानी का तापमान संतुलित रखें। नहाने का पानी इतना गर्म हो कि शरीर को आराम मिले, लेकिन जलन न हो। विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि सिर धोने के लिए अलग से गुनगुना पानी इस्तेमाल करें। अगर आंखों में कोई समस्या है तो डॉक्टर से सलाह जरूर लें।

--आईएएनएस

एमटी/डीकेपी

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