Geeta jayanti 2020: इस दिन भगवान कृष्ण ने दिया था गीता का ज्ञान, जानिए तिथि
हिंदू धर्म में व्रत त्योहारों को विशेष माना गया हैं वही हर धर्म का एक ग्रंथ होता हैं उसी तरह हिंदू धर्म में गीता को धर्म ग्रंथ का स्थान दिया गया हैं गीता एक बहुत ही पवित्र ग्रंथ माना जाता हैं गीता में भगवान श्रीकृष्ण के द्वारा महाभारत के युद्ध के समय ज्ञान दिया गया हैं
महाभारत ग्रंथ में गीता के कुल 18 अध्याय हैं जिनमें से 6 अध्याय में कर्मयोग, 6 अध्याय में ज्ञानयोग और अंतिम 6 अध्यायों में भक्ति योग के उपदेश दिए गए हैं श्रीमद्भागवत गीता में 18 अध्यायों में 700 श्लोक हैं वही गीता का ज्ञान आज के जीवन में भी मनुष्य को सत्कर्मों की ओर अग्रसर करता हैं। गीता को गीतोपनिषद के नाम से जाना जाता हैं तो आज हम आपको इसके महत्व के बारे में बताने जा रहे हैं तो आइए जानते हैं।
महाभारत काल में भगवान श्रीकृष्ण ने कौरवों और पांडवों के मध्य एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। जब महाभारत के युद्ध के समय अर्जुन अपने सगे संबंधियों को देखकर विचलित हो गए। तब श्रीकृष्ण ने अर्जुन के ज्ञानचुक्षु खोलने के लिए उन्हें उपदेश दिया था।
पुराणों में उल्लेख है कि कलयुग आरंभ होने से 30 साल पहले गीता का उद्भव हुआ था। इसलिए गीता जयंती मनाई जाती हैं। इस साल गीता जयंती की 5157वीं वर्षगांठ मनाई जाएगी। इसी दिन मोक्षदा एकादशी भी पड़ रही हैं इसलिए इस दिन का महत्व और भी अधिक हो जाता हैं। आपको बता दें की गीता जयंती के दिन गीता का पाठ करना और श्रवण करना विशेष माना जाता हैं इस दिन भगवान श्री कृष्ण की पूजा करने से भगवान की कृपा मिलती हैं। 

