'वोट जोश में नहीं, होश में करें', बीएमसी चुनाव में रजा मुराद से सुभाष घई तक हस्तियों ने किया मतदान
मुंबई, 15 जनवरी (आईएएनएस)। महाराष्ट्र के बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) चुनाव को लेकर लोगों में खासा उत्साह देखा जा रहा है। आम नागरिकों के साथ-साथ फिल्म जगत की जानी-मानी हस्तियों ने भी मतदान कर लोकतांत्रिक प्रक्रिया में अपनी भागीदारी निभाई और लोगों से वोट डालने की अपील की।
वरिष्ठ अभिनेता रजा मुराद ने बीएमसी चुनाव पर अपनी बात रखते हुए मतदान को बेहद अहम बताया। उन्होंने कहा, "जब भी वोट देने का समय आता है, तो मैं हमेशा अपना वोट जरूर डालता हूं। वोट देना सिर्फ नागरिक का जन्मसिद्ध अधिकार नहीं, बल्कि उसका परम कर्तव्य भी है। इसी वोट से सरकारें बनती हैं, और जो लोग वोट नहीं डालते, उन्हें बाद में शिकायत करने का भी कोई अधिकार नहीं होना चाहिए।''
उन्होंने लोगों से अपील की कि वोट को एक हथियार की तरह समझें, जिसका इस्तेमाल हम पांच साल में एक बार करते हैं। इसलिए वोट जोश में नहीं, बल्कि पूरी समझ और सोच-विचार के साथ होश में करें।
मशहूर फिल्म निर्देशक सुभाष घई ने भी मतदान के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने कहा, "हमारा कर्तव्य है कि हम वोट उसी उम्मीदवार को दें जो वास्तव में महाराष्ट्र और मुंबई का विकास चाहता हो। मुंबई को दुनिया की एक मजबूत फाइनेंशियल कैपिटल बनाने के लिए सही सोच और दूरदृष्टि वाले नेतृत्व की जरूरत है। आर्थिक विकास के साथ-साथ मानसिक विकास और शिक्षा का विकास भी बेहद जरूरी है। इसलिए बिना किसी पक्षपात के उसी उम्मीदवार को वोट देना चाहिए, जो शहर को आगे बढ़ाने की क्षमता रखता हो।"
अभिनेत्री ईशा कोप्पिकर ने वोटिंग के साथ-साथ शिक्षा और बुनियादी सुविधाओं के मुद्दे पर भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा, ''मेरे दिमाग में सबसे पहला मुद्दा शिक्षा का आता है, जो सिर्फ चुनाव के समय में ही नहीं, बल्कि हमेशा अहम होना चाहिए। शिक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया जाना चाहिए। स्कूलों में साफ-सफाई, बेहतर सड़कें और सालभर चलने वाले निर्माण जैसे मुद्दों पर ध्यान देना चाहिए। ये सब बातें शहर के विकास से सीधे जुड़ी हैं और वोट देते समय इन पर जरूर विचार होना चाहिए।''
अभिनेता करण टैकर ने अंधेरी-वर्सोवा स्थित ज्ञान केंद्र स्कूल में अपना वोट डाला। मतदान के बाद उन्होंने कहा, ''चुनाव में हर नागरिक की जिम्मेदारी और भी बढ़ जाती है। मेरी सभी से अपील है कि वे घर से बाहर निकलें और वोटिंग प्रक्रिया में हिस्सा लें। लोकतंत्र तभी मजबूत होता है जब लोग सक्रिय रूप से इसमें भाग लेते हैं और वोट डालना उसी भागीदारी का सबसे बड़ा तरीका है।''
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