Viral Song: पाकिस्तानी गाने ‘चलड़े चलड़े वाल’ का भारत में क्रेज, धुन सुनकर याद आया ‘ना कजरे की धार’
सोशल मीडिया पर इन दिनों एक पाकिस्तानी लोकगीत तेजी से लोगों का ध्यान खींच रहा है। ‘चलड़े चलड़े वाल’ नाम के इस गाने का ऑडियो इंस्टाग्राम समेत दूसरे प्लेटफॉर्म्स पर खूब इस्तेमाल किया जा रहा है। इसकी सॉफ्ट और मेलोडियस धुन लोगों को पसंद आ रही है और कई यूजर्स को इसके म्यूजिक में बॉलीवुड के पुराने लोकप्रिय गाने ‘ना कजरे की धार’ की याद आ रही है।
Reels में छाया ‘चलड़े चलड़े वाल’
भारत में इस गाने के ऑडियो पर बड़ी संख्या में सोशल मीडिया रील्स बनाई जा रही हैं। कोई इस पर डांस वीडियो बना रहा है, तो कोई अपने कर्ली बालों को दिखाते हुए रील पोस्ट कर रहा है।
इसके अलावा ट्रैवल, कपल और डेली लाइफ से जुड़े वीडियो में भी इस लोकगीत का इस्तेमाल किया जा रहा है। इंस्टाग्राम पर लगातार नए वीडियो सामने आने के कारण इसके ऑडियो की लोकप्रियता बढ़ती जा रही है।
बताया जा रहा है कि भारत में इस ऑडियो पर 3.17 लाख से ज्यादा रील्स बनाई जा चुकी हैं, जिससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि सोशल मीडिया पर इसका ट्रेंड कितना बड़ा है।
कई गायकों ने अपने अंदाज में गाया
‘चलड़े चलड़े वाल’ सरायकी और पंजाबी लोकसंगीत से जुड़ा गीत है। इसे शुरुआती दौर में मुहम्मद हुसैन बंडियालवी ने लोकप्रिय बनाया था।
बाद में सरायकी के चर्चित गायक शफाउल्लाह खान रोखरी और उनके बेटे जीशान खान रोखरी ने भी इसे अपनी आवाज और अंदाज में पेश किया। अलग-अलग प्रस्तुतियों के बाद यह गीत श्रोताओं के बीच और लोकप्रिय हुआ।
हाल के समय में पंजाबी सिंगर सुनंदा शर्मा ने भी इसका कवर वर्जन पेश किया, जिसके वीडियो को सोशल मीडिया पर अच्छा रिस्पॉन्स मिला।
‘ना कजरे की धार’ से क्यों हो रही तुलना?
गाने की लोकप्रियता के साथ सोशल मीडिया यूजर्स इसकी धुन की तुलना 90 के दशक के बॉलीवुड के चर्चित गाने ‘ना कजरे की धार’ से भी कर रहे हैं।
कई लोगों का कहना है कि ‘चलड़े चलड़े वाल’ सुनते समय उन्हें ‘ना कजरे की धार’ जैसी मेलोडिक फील महसूस होती है। हालांकि दोनों गानों की समानता को लेकर सोशल मीडिया पर लोगों की अपनी-अपनी राय है।
‘ना कजरे की धार’ आज भी लोगों की पसंद
‘ना कजरे की धार’ फिल्म ‘मोहरा’ का लोकप्रिय गाना है। इसे उदित नारायण और साधना सरगम ने आवाज दी थी। 90 के दशक का यह गीत आज भी श्रोताओं के बीच काफी लोकप्रिय है।
यही वजह है कि ‘चलड़े चलड़े वाल’ की धुन सुनने के बाद पुराने बॉलीवुड गीत से इसकी तुलना सोशल मीडिया चर्चा का हिस्सा बन गई है। फिलहाल पाकिस्तानी लोकगीत का ऑडियो भारत में रील्स के जरिए लगातार नए दर्शकों तक पहुंच रहा है।

