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वंदे मातरम पर शर्मिला टैगोर के बयान से छिड़ी बहस, वीडियो में कंगना रनोट बोलीं- कला और कविता को लेकर सोच इतनी छोटी कैसे

वंदे मातरम पर शर्मिला टैगोर के बयान से छिड़ी बहस, वीडियो में कंगना रनोट बोलीं- कला और कविता को लेकर सोच इतनी छोटी कैसे

अभिनेत्री शर्मिला टैगोर की वंदे मातरम को लेकर की गई टिप्पणी के बाद बॉलीवुड में नई बहस छिड़ गई है। उनके बयान पर अभिनेत्री और सांसद कंगना रनोट ने प्रतिक्रिया देते हुए उनकी सोच पर सवाल उठाए हैं। कंगना ने शर्मिला टैगोर के इंटरव्यू का वीडियो अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर शेयर किया और कहा कि एक कलाकार के तौर पर वह शर्मिला की बात सुनकर हैरान हैं। दरअसल, शर्मिला टैगोर ने वंदे मातरम के कुछ हिस्सों को लेकर अपनी राय जाहिर की थी। उन्होंने कहा था कि गीत के कुछ अंश ऐसे हैं, जो एक ईश्वर में विश्वास रखने वाले लोगों की धार्मिक आस्था से मेल नहीं खा सकते। उनके मुताबिक, वंदे मातरम के एक अंतरे में कई देवी-देवताओं का उल्लेख किया गया है।

शर्मिला टैगोर ने क्या कहा

शर्मिला टैगोर ने IANS से बातचीत में अपने बयान को स्पष्ट करते हुए कहा कि उनकी राय यह है कि बहुत से धार्मिक लोग एक ही ईश्वर में विश्वास करते हैं, कई ईश्वरों में नहीं। उन्होंने कहा कि वंदे मातरम में एक अंतरा ऐसा है, जिसमें कई देवताओं का जिक्र आता है।उन्होंने आगे कहा कि जो लोग एक धर्म में विश्वास करते हैं, उनके लिए ‘वंदे काली’ और ‘वंदे दुर्गा’ जैसे शब्दों का इस्तेमाल करना मुश्किल हो सकता है। शर्मिला ने कहा कि यदि भारत के सभी धार्मिक समुदायों को साथ लेकर चलना है तो गीत के शुरुआती दो अंतरे उपयुक्त हैं।शर्मिला के इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर इसे लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आने लगीं।

कंगना रनोट ने किया पलटवार

कंगना रनोट ने शर्मिला टैगोर के इंटरव्यू का वीडियो अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर शेयर किया। इसके साथ उन्होंने शर्मिला की टिप्पणी पर असहमति जताई।कंगना ने लिखा कि वह खुश हैं कि शर्मिला टैगोर ने वंदे मातरम को लेकर अपनी आपत्ति के बारे में खुलकर बात की। हालांकि, उन्होंने कहा कि एक कलाकार के तौर पर वह इस बात से हैरान हैं कि कला और कविता को लेकर शर्मिला की सोच इतनी छोटी और बनावटी कैसे हो सकती है।कंगना की टिप्पणी के बाद सोशल मीडिया पर दोनों अभिनेत्रियों के विचारों को लेकर चर्चा शुरू हो गई है। एक तरफ शर्मिला टैगोर ने धार्मिक विविधता को ध्यान में रखते हुए गीत के कुछ हिस्सों पर अपनी राय रखी है, वहीं कंगना ने इसे कला और कविता के व्यापक संदर्भ में देखने की बात कही है।

शर्मिला ने कंगना को नहीं दिया जवाब

कंगना रनोट की टिप्पणी के बाद अब तक शर्मिला टैगोर की ओर से कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। ऐसे में यह देखना दिलचस्प होगा कि वह कंगना की आलोचना पर आगे कुछ कहती हैं या नहीं।वंदे मातरम को लेकर यह बहस ऐसे समय सामने आई है, जब देश में राष्ट्रगीत और राष्ट्रगान से जुड़े विषयों पर भी समय-समय पर राजनीतिक और सामाजिक चर्चा होती रही है। शर्मिला टैगोर और कंगना रनोट के बयानों ने इस मुद्दे को एक बार फिर बॉलीवुड की चर्चा के केंद्र में ला दिया है।

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