Ladakh Medical College: लेह में 2027-28 से शुरू होगी पढ़ाई, 103 पदों पर भर्ती का रास्ता साफ
लद्दाख में मेडिकल की पढ़ाई करने की इच्छा रखने वाले युवाओं के लिए अच्छी खबर है। केंद्र सरकार ने लेह में लद्दाख का पहला सरकारी मेडिकल कॉलेज शैक्षणिक सत्र 2027-28 से शुरू करने की मंजूरी दी है। इस फैसले से कॉलेज के लिए शिक्षकों और अन्य जरूरी कर्मचारियों की भर्ती का रास्ता भी खुल गया है। कुल 103 स्वीकृत नियमित पदों पर शैक्षणिक जरूरतों के अनुसार चरणबद्ध तरीके से भर्ती की जाएगी।
इस पहल को लद्दाख में मेडिकल शिक्षा का विस्तार करने और स्थानीय स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। इससे क्षेत्र के विद्यार्थियों को अपने नजदीक मेडिकल की पढ़ाई करने के अवसर मिल सकेंगे।
103 पदों पर चरणबद्ध तरीके से होगी भर्ती
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय की मंजूरी के बाद केंद्र शासित प्रदेश प्रशासन शैक्षणिक सत्र 2027-28 की जरूरतों के अनुसार 103 पदों पर भर्ती की प्रक्रिया शुरू कर सकेगा। इन पदों को स्वीकृत भर्ती नियमों के तहत नियमित आधार पर भरा जाएगा।
प्रशासन को यह भी सुनिश्चित करना होगा कि मेडिकल कॉलेज की प्रस्तावित सुविधाएं तैयार होने के बाद संस्थान को अपने निर्धारित परिसर और बुनियादी ढांचे में स्थानांतरित किया जाए।
भर्ती के नियमों में क्यों मांगी गई थी छूट?
लेह में मेडिकल कॉलेज को समय पर शुरू करने के लिए बुनियादी ढांचे के निर्माण के साथ-साथ शिक्षकों और सहायक कर्मचारियों की नियुक्ति भी जरूरी है। पहले लागू व्यवस्था के अनुसार, भर्ती शुरू करने से पहले निर्धारित स्तर तक बुनियादी ढांचे का निर्माण पूरा होना आवश्यक था।
इसी प्रक्रिया में तेजी लाने के लिए लद्दाख के उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने 13 जुलाई 2026 को केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जेपी नड्डा को पत्र लिखकर एक बार की विशेष छूट देने का अनुरोध किया था। इसका उद्देश्य कॉलेज की प्रस्तावित शुरुआत को ध्यान में रखते हुए शुरुआती नियुक्तियां समय पर करना था।
मंत्रालय ने इस अनुरोध पर सहमति जताते हुए शैक्षणिक जरूरतों के आधार पर भर्ती को चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाने का सुझाव दिया।
उपराज्यपाल ने केंद्र सरकार का जताया आभार
उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने मंजूरी मिलने पर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि लेह में सरकारी मेडिकल कॉलेज की शुरुआत लद्दाख के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि होगी और इससे क्षेत्र के लोगों की लंबे समय से चली आ रही मांग पूरी करने में मदद मिलेगी।
इस फैसले से मेडिकल कॉलेज के लिए जरूरी शैक्षणिक टीम तैयार करने की प्रक्रिया भी आगे बढ़ सकेगी। इससे स्थानीय युवाओं को मेडिकल शिक्षा के अधिक अवसर उपलब्ध कराने और क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं के विकास को गति देने की उम्मीद है।
लद्दाख के छात्रों को क्या होगा फायदा?
लेह में सरकारी मेडिकल कॉलेज शुरू होने से लद्दाख के विद्यार्थियों को मेडिकल शिक्षा के लिए दूसरे क्षेत्रों पर निर्भरता कम करने का अवसर मिल सकता है। इसके अलावा, स्थानीय स्तर पर चिकित्सा प्रशिक्षण की सुविधाएं विकसित होने से भविष्य में क्षेत्र को प्रशिक्षित डॉक्टर उपलब्ध कराने में मदद मिलने की संभावना है।
लद्दाख की भौगोलिक परिस्थितियों को देखते हुए यहां चिकित्सा शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार विशेष महत्व रखता है। हालांकि, कॉलेज में दाखिले, उपलब्ध सीटों और पाठ्यक्रम से जुड़ी विस्तृत जानकारी के लिए आधिकारिक अधिसूचना का इंतजार करना होगा।
कुल मिलाकर, शैक्षणिक सत्र 2027-28 से मेडिकल कॉलेज शुरू करने की मंजूरी और 103 पदों पर भर्ती की तैयारी लद्दाख में मेडिकल शिक्षा के विस्तार की दिशा में अहम कदम है। अब कॉलेज के बुनियादी ढांचे, नियुक्तियों और प्रवेश प्रक्रिया से जुड़े अगले चरणों पर नजर रहेगी।

