कंबल विवाद पर पूर्व सांसद जौनापुरिया की सफाई: बोले- निजी कार्यक्रम था, किसी से भेदभाव नहीं किया
राजस्थान के टोंक जिले की निवाई तहसील के करेड़ा गांव में आयोजित कंबल वितरण कार्यक्रम के दौरान मुस्लिम महिलाओं से कंबल वापस लेने के मामले में विवाद गहराने के बाद पूर्व भाजपा सांसद सुखबीर सिंह जौनपुरिया ने अपनी सफाई दी है। उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम पूरी तरह उनका निजी कार्यक्रम था और इसमें किसी भी सरकारी योजना या सरकारी धन का उपयोग नहीं किया गया था।
पूर्व सांसद ने बताया कि 22 फरवरी को करेड़ा गांव में जरूरतमंद लोगों को कंबल वितरित करने के लिए कार्यक्रम आयोजित किया गया था। इस दौरान वे स्वयं मौजूद थे और लोगों को कंबल दे रहे थे। इसी दौरान एक मुस्लिम महिला से कंबल वापस लेने की घटना सामने आई, जिसके बाद मामला चर्चा में आ गया।
जौनापुरिया ने इस विवाद पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उन्होंने किसी भी व्यक्ति के साथ धर्म या जाति के आधार पर कोई भेदभाव नहीं किया है। उनका कहना है कि यह आयोजन उनके व्यक्तिगत स्तर पर किया गया था और इसमें सरकारी संसाधनों का कोई उपयोग नहीं हुआ।
उन्होंने यह भी कहा कि कार्यक्रम का उद्देश्य जरूरतमंद लोगों की सहायता करना था। यदि किसी को उनकी किसी बात से ठेस पहुंची है तो उसका गलत अर्थ नहीं निकाला जाना चाहिए। उन्होंने दोहराया कि उनका किसी भी समुदाय के प्रति कोई गलत भाव नहीं है।
यह कार्यक्रम निवाई तहसील के करेड़ा गांव में आयोजित हुआ था, जहां बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद थे। घटना के बाद यह मामला चर्चा का विषय बन गया और विभिन्न स्तरों पर इसकी प्रतिक्रिया सामने आई। वहीं, स्थानीय लोगों के बीच इस मुद्दे को लेकर अलग-अलग राय सामने आ रही है। कुछ लोग इसे निजी कार्यक्रम बता रहे हैं, जबकि कुछ लोगों ने इस पर आपत्ति भी जताई है।

