राजस्थान की राजनीति गरमाई: ERCP, वीडियो में देंखे रिफाइनरी और स्वास्थ्य मामलों पर कांग्रेस का सरकार पर तीखा हमला
राजस्थान की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप का दौर लगातार जारी है। नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने राज्य सरकार पर ERCP (पूर्वी राजस्थान नहर परियोजना) को लेकर निशाना साधते हुए कहा कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे की योजनाओं के नाम तक पसंद नहीं हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार विकास परियोजनाओं को आगे बढ़ाने के बजाय राजनीतिक दृष्टिकोण से देख रही है।
इसी दौरान टीकाराम जूली ने राज्य के एक स्वास्थ्य मामले का जिक्र करते हुए प्रसूताओं को कथित रूप से पानी के इंजेक्शन लगाए जाने की घटना को “मर्डर” करार दिया। उन्होंने कहा कि इस मामले में जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई होनी चाहिए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं दोबारा न हों।वहीं कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने भी सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि सरकार “एक लोटा पानी तक नहीं ला पाई” और केवल “थोथे गाल” दिखा रही है। डोटासरा ने सरकार के विकास कार्यों और योजनाओं की प्रभावशीलता पर भी सवाल उठाए।
विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बाड़मेर रिफाइनरी उद्घाटन कार्यक्रम को लेकर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम में आम सभा को रद्द करना इस बात का संकेत है कि राजस्थान की जनता उन्हें सुनने में रुचि नहीं रखती।जूली ने यह भी दावा किया कि पहले भी जब-जब प्रधानमंत्री राजस्थान आए हैं, तब-तब बड़ी मुश्किल से भीड़ जुट पाई है। उन्होंने कहा कि खाली कुर्सियों की तस्वीरें सरकार के लिए असहज स्थिति पैदा करती हैं, इसलिए इस बार आम सभा आयोजित नहीं की गई।
कांग्रेस नेताओं के इन बयानों पर सत्तारूढ़ पार्टी की ओर से भी प्रतिक्रिया आने की संभावना है, जिससे राज्य की राजनीति और अधिक गरमाने के आसार हैं।फिलहाल ERCP, स्वास्थ्य व्यवस्था और विकास परियोजनाओं को लेकर दोनों दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है, जिसका असर आने वाले दिनों में राजनीतिक माहौल पर साफ दिखाई दे सकता है।

