जोधपुर में स्कूली बच्चों से भरी बस और कचरा गाड़ी की टक्कर, CCTV फुटेज में कैद हुआ हादसा
राजस्थान के जोधपुर में 26 जनवरी को एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। स्कूल के बच्चों और एनसीसी कैडेट्स से भरी बस की नगर निगम की कचरा उठाने वाली ऑटो टिपर से जोरदार टक्कर हो गई। टक्कर इतनी तेज थी कि कचरे वाली गाड़ी मौके पर ही पलट गई। पूरी घटना पास में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई, जिसका वीडियो अब सामने आया है।
यह हादसा 26 जनवरी को सुबह करीब 12 बजे जोधपुर के मंडोर थाना क्षेत्र में हुआ। जानकारी के अनुसार, द उम्मेद स्कूल की बस बच्चों को लेकर निम्बा निंबड़ी इलाके से गुजर रही थी। बस में कुल 7 स्कूली बच्चे और एनसीसी कैडेट सवार थे। इसी दौरान मोड़ पर नगर निगम की कचरा उठाने वाली ऑटो टिपर सामने से आ गई। अचानक मोड़ पर कचरा गाड़ी के आने से बस चालक को संभलने का मौका नहीं मिला और दोनों वाहनों के बीच टक्कर हो गई।
हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। टक्कर के झटके से बस में सवार बच्चे घबरा गए और रोने लगे। वहीं, कचरा उठाने वाली गाड़ी सड़क पर पलट गई, जिससे आसपास का इलाका कचरे से भर गया। हादसे की आवाज सुनकर आसपास के लोग तुरंत मौके पर पहुंचे और बच्चों को बस से बाहर निकालने में मदद की।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, टक्कर के बाद बच्चे काफी डरे हुए थे। स्थानीय लोगों ने बच्चों को संभाला और पास की दुकानों में बैठाया गया, ताकि वे सुरक्षित रहें और शांत हो सकें। हादसे में बस चालक के पैर में चोट आई है, हालांकि उसकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है। अन्य किसी बच्चे या एनसीसी कैडेट को गंभीर चोट नहीं आई, जो राहत की बात रही।
घटना की सूचना मिलते ही स्कूल प्रशासन और बच्चों के परिजनों को सूचित किया गया। कुछ ही देर में अभिभावक मौके पर पहुंचने लगे। बाद में बच्चों को दूसरी गाड़ी की व्यवस्था कर सुरक्षित उनके घर भिजवाया गया। स्कूल प्रशासन की ओर से भी पूरे मामले की जानकारी ली गई और बच्चों की सुरक्षा को लेकर आवश्यक कदम उठाए गए।
सीसीटीवी फुटेज में साफ दिखाई दे रहा है कि मोड़ पर कचरा गाड़ी अचानक सामने आती है और स्कूल बस उससे टकरा जाती है। प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि मोड़ पर विजिबिलिटी कम होने के कारण यह हादसा हुआ। हालांकि, पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और दोनों वाहनों की गति और लापरवाही के पहलुओं को खंगाला जा रहा है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस इलाके में अक्सर भारी वाहनों की आवाजाही रहती है और मोड़ पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम नहीं हैं। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि ऐसे संवेदनशील स्थानों पर ट्रैफिक नियंत्रण और संकेतक लगाए जाएं, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।
फिलहाल, इस हादसे में किसी बड़े नुकसान की खबर नहीं है, लेकिन यह घटना एक बार फिर स्कूली वाहनों और नगर निगम के वाहनों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े करती है।

