Samachar Nama
×

वीडियो में देखें राजस्थान बजट 2025: संभाग मुख्यालय होंगे सिग्नल फ्री, सैनिकों के लिए कॉम्प्लेक्स, शेखावाटी को मिलेगा यमुना जल

वीडियो में देखें राजस्थान बजट 2025: संभाग मुख्यालय होंगे सिग्नल फ्री, सैनिकों के लिए कॉम्प्लेक्स, शेखावाटी को मिलेगा यमुना जल

राजस्थान की वित्त मंत्री दीया कुमारी ने राज्य का बजट पेश करते हुए आधारभूत ढांचे, सैनिक कल्याण, ऊर्जा, पर्यटन और जल परियोजनाओं से जुड़े कई बड़े ऐलान किए। बजट में प्रदेश के शहरी और ग्रामीण विकास को गति देने के साथ-साथ सैनिकों और पूर्व सैनिकों के हितों पर विशेष फोकस दिखाई दिया।

वित्त मंत्री ने घोषणा की कि प्रदेश के सभी संभाग मुख्यालयों को सिग्नल फ्री बनाया जाएगा। इसका उद्देश्य शहरों में बढ़ते ट्रैफिक जाम से राहत दिलाना और यातायात को सुचारू बनाना है। इसके तहत प्रमुख चौराहों पर फ्लाईओवर, अंडरपास और स्मार्ट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम विकसित किए जाएंगे, ताकि लोगों का समय और ईंधन दोनों बच सके।

सैनिकों और पूर्व सैनिकों के कल्याण को ध्यान में रखते हुए सरकार ने एक अहम पहल की है। वित्त मंत्री ने बताया कि सैनिक, पूर्व सैनिकों, उनके आश्रितों और वीरांगनाओं को सभी सुविधाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध कराने के लिए जोधपुर, शेरगढ़, टोंक, फलोदी, खैरथल, ब्यावर, झुंझुनूं और श्रीगंगानगर में वॉर म्यूजियम और इंटीग्रेटेड सैनिक कॉम्प्लेक्स स्थापित किए जाएंगे।

पहले चरण में जोधपुर, शेरगढ़, झुंझुनूं और टोंक में इन कॉम्प्लेक्स का निर्माण कराया जाएगा, जिस पर करीब 36 करोड़ रुपए खर्च होंगे। इन केंद्रों पर पेंशन, चिकित्सा, दस्तावेज़ी सहायता और अन्य सुविधाएं एक ही जगह उपलब्ध कराई जाएंगी।

इन्फ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने के तहत सरकार ने सीकर और झुंझुनूं में नए एयरपोर्ट के लिए सर्वे कराने की घोषणा भी की है। इससे शेखावाटी क्षेत्र में कनेक्टिविटी और निवेश की संभावनाएं बढ़ेंगी।

इसके अलावा, प्रशासनिक कार्यों को सुगम बनाने के लिए 8 जिलों में 3000 करोड़ रुपए की लागत से मिनी सचिवालय बनाए जाएंगे। इससे आम लोगों को सरकारी सेवाएं स्थानीय स्तर पर ही मिल सकेंगी और उन्हें जिला मुख्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे।

शेखावाटी क्षेत्र के लिए लंबे समय से लंबित यमुना जल परियोजना को लेकर भी बड़ी घोषणा की गई। वित्त मंत्री ने कहा कि इस परियोजना पर जल्द काम शुरू होगा और इस पर करीब 32 हजार करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। इससे क्षेत्र में पेयजल और सिंचाई की समस्या का स्थायी समाधान मिलने की उम्मीद है।

ऊर्जा क्षेत्र में राजस्थान को और मजबूत बनाने के लिए बीकानेर में 4830 मेगावाट क्षमता का सोलर पार्क विकसित किया जाएगा, जिस पर लगभग 2900 करोड़ रुपए खर्च होंगे। यह परियोजना राज्य को नवीकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में अग्रणी बनाने की दिशा में बड़ा कदम मानी जा रही है।

पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने पश्चिमी राजस्थान के बीकानेर, जैसलमेर, जोधपुर, बाड़मेर और जालोर को जोड़ते हुए थार सांस्कृतिक सर्किट विकसित करने की योजना बनाई है। इससे स्थानीय संस्कृति, हस्तशिल्प और रोजगार को बढ़ावा मिलेगा।

कुल मिलाकर, इस बजट में विकास, बुनियादी ढांचे और क्षेत्रीय संतुलन पर विशेष ध्यान देते हुए कई महत्वाकांक्षी योजनाओं की घोषणा की गई है, जिससे राज्य की आर्थिक और सामाजिक स्थिति को मजबूती मिलने की उम्मीद है।

Share this story

Tags